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नीलोखेड़ी में मानवता की मिसाल: श्रवण कुमार गंभीर के निधन पर परिवार ने किया नेत्रदान, 2 लोगों को मिलेगी नई रोशनी

Jun 10, 2026 10:14 AM

नीलोखेड़ी (महाबीर मैहला): मौत के बाद भी किसी की आंखों से यह खूबसूरत दुनिया आबाद रहे, इससे बड़ा पुण्य और कोई नहीं हो सकता। इसी मानवीय संदेश को आत्मसात करते हुए नीलोखेड़ी के एक प्रतिष्ठित समाजसेवी परिवार ने रूढ़िवादी सोच से ऊपर उठकर एक सराहनीय फैसला लिया है। इलाके के प्रबुद्ध नागरिक स्वर्गीय श्री श्रवण कुमार गंभीर के मरणोपरांत उनके परिजनों ने उनकी आंखें दान कर दी हैं। इस दुखद घड़ी में भी समाज हित को सर्वोपरि रखने वाले इस परिवार के जज्बे को हर कोई सलाम कर रहा है।

एक फैसला, जो दो जिंदगियों से दूर करेगा अंधेरा

जन कल्याण सेवा सोसाइटी के प्रधान हरविन्दर मोहन शर्मा ने बताया कि स्वर्गीय श्रवण कुमार गंभीर जी हमेशा से सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे। उनके जाने के बाद परिवार ने उनके विचारों को जिंदा रखने का काम किया है। गंभीर जी के निधन के बाद उनकी धर्मपत्नी सुशीला देवी, सुपुत्र महेंद्र कुमार, पवन कुमार और सुपुत्री हेमलता ने आपसी सहमति से बिना कोई वक्त गंवाए नेत्रदान का संकल्प पूरा किया।

प्रधान हरविन्दर मोहन शर्मा ने भावुक होते हुए कहा:

"गंभीर परिवार द्वारा लिया गया यह फैसला केवल एक दान नहीं, बल्कि दो परिवारों के जीवन में आया नया सवेरा है। इस नेत्रदान से दो दृष्टिहीन लोगों को दुनिया देखने की नई रोशनी मिलेगी। समाज इस पुनीत कार्य के लिए गंभीर परिवार का हमेशा ऋणी रहेगा। इस तरह के उदाहरण ही समाज में बदलाव की बयार लाते हैं।"

जागरूकता की अलख जगा रही है सोसाइटी

हरविन्दर मोहन शर्मा ने संस्था के काम करने के तरीके को साझा करते हुए बताया कि जन कल्याण सेवा सोसाइटी लंबे समय से नीलोखेड़ी और आसपास के अंचल में स्वास्थ्य और समाज सेवा के क्षेत्र में सक्रिय है। संस्था के वालंटियर्स चौबीसों घंटे इस ताक में रहते हैं कि जहां भी कोई अप्रिय या दुखद घटना हो, वहां पीड़ित परिवार को संबल देने के साथ-साथ उन्हें अंगदान और नेत्रदान जैसी मुहिमों के प्रति मानसिक रूप से तैयार किया जा सके। उनकी इस लगातार काउंसिलिंग का ही नतीजा है कि आज नीलोखेड़ी के आम लोग इस विषय को लेकर काफी संवेदनशील और जागरूक हो चुके हैं। संस्था अब तक कई दर्जन लोगों का सफल नेत्रदान करवाकर एक रिकॉर्ड कायम कर चुकी है।

शोक सभा में नम आंखों से किया गया सम्मान

स्वर्गीय श्रवण कुमार गंभीर की याद में आयोजित रस्म क्रिया के दौरान आज एक बेहद गरिमामयी दृश्य देखने को मिला। जहां एक तरफ माहौल गमगीन था, वहीं दूसरी तरफ संस्था के पदाधिकारियों ने इस महान कार्य के लिए शोक संतप्त परिवार को एक सप्रेम स्मृति चिन्ह भेंट कर उनके प्रति कृतज्ञता जाहिर की। संस्था के सदस्यों का कहना था कि जब कोई परिवार अपने सबसे प्रिय सदस्य को खोने के गम के बीच दूसरों की जिंदगी संवारने की सोचता है, तो वह पूरे समाज के लिए प्रेरणापुंज बन जाता है।

इस मौके पर परिवार को सांत्वना देने और सम्मान प्रकट करने के लिए सोसाइटी के प्रधान हरविन्दर मोहन शर्मा के अलावा ईश चोपड़ा, सतीश जोशी, शंकर कत्याल, सुनील ढींगरा, प्रेम कुमार सागर, रजिंदर सिंह, सुनील कटारिया, रणजीत ग्रोवर और केवल कृष्ण कुकरेजा सहित शहर के कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

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