Mahendragarh Accident: महेंद्रगढ़ में बड़ा हादसा, हाईवे पर तिरंगे के लिए खोदे गए 10 फुट गहरे गड्ढे में गिरे बाइक सवार, 2 की मौत
Jun 19, 2026 2:33 PM
महेंद्रगढ़। हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिला अंतर्गत नांगल चौधरी से प्रशासनिक लापरवाही और उससे उपजे एक बड़े हादसे की बेहद दुखद खबर सामने आई है। नेशनल हाईवे 148-बी के पास स्थित राव तुलाराम चौक पर गुरुवार देर रात एक गहरे गड्ढे में गिरने से बाइक सवार दो युवकों की दर्दनाक मौत हो गई। दोनों मृतक मूल रूप से पड़ोसी राज्य राजस्थान के रहने वाले थे और यहां नांगल चौधरी में ही रहकर रोजी-रोटी कमा रहे थे। हादसे की इत्तला मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल भिजवाया।
बिना बताए कमरे से निकले थे दोनों दोस्त, मौत खींच ले गई
आइसक्रीम का कारोबार करने वाले भीलवाड़ा निवासी राहुल और पिंटू ने बताया कि वे यहां 'शिव शक्ति' नाम से अपनी गाड़ियां चलाते हैं। उनके पास राजस्थान के नीमच के पास पाटखेड़ा गगरोल गांव का 22 वर्षीय भैरूलाल और चित्तौड़गढ़ के जालपुरा स्थित खोर गांव का 20 वर्षीय गिरधारीलाल काम करते थे। रोज की तरह बीती रात करीब 10 बजे दोनों अपनी-अपनी आइसक्रीम रेहड़ी खड़ी कर कमरे पर लौट आए थे। इसके बाद वे दोनों किसी को बिना कुछ बताए एक मोटरसाइकिल पर सवार होकर बाहर निकल गए। रात करीब साढ़े 11 बजे उनके मालिक राहुल को सूचना मिली कि राव तुलाराम चौक पर दोनों का भयानक एक्सीडेंट हो गया है।
तीन तरफ कोई संकेतक नहीं, मौत का कुआं बना 10 फुट गहरा गड्ढा
मौके पर पहुंचे लोगों और पुलिस ने बताया कि राव तुलाराम चौक के बिल्कुल बीचों-बीच प्रशासन द्वारा तिरंगा झंडा स्थापित करने के लिए करीब 10 फुट गहरा और 15 फुट चौड़ा एक विशाल गड्ढा खोदा जा रहा है। सबसे बड़ी लापरवाही यह रही कि इस जानलेवा गड्ढे के चारों तरफ सुरक्षा घेरा बनाने के बजाय सिर्फ एक ओर ही सांकेतिक बोर्ड लगाया गया था, जबकि बाकी के तीन हिस्से पूरी तरह खुले थे। रात के अंधेरे में बाइक सवार युवकों को यह गड्ढा दिखाई नहीं दिया और वे सीधे उसमें जा गिरे। गड्ढे के भीतर कंक्रीट के साथ लोहे के नुकीले सरिये भी खड़े किए गए थे। आशंका जताई जा रही है कि दोनों दोस्त इन्हीं सरियों की चपेट में आ गए, जिससे भैरूलाल ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जबकि गंभीर रूप से जख्मी गिरधारीलाल ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ा।
किसी का छूटा दो महीने का साथ, तो किसी का बच्चा हुआ अनाथ
इस हादसे ने राजस्थान में रह रहे दो परिवारों को कभी न भूलने वाला जख्म दिया है। आइसक्रीम संचालक पिंटू सुवालका ने रोते हुए बताया कि दोनों मृतक शादीशुदा थे और बेहद गरीब पृष्ठभूमि से आते थे। 22 साल के भैरूलाल के पीछे उसका एक छोटा बच्चा और पत्नी है, जबकि 20 वर्षीय गिरधारीलाल की तो अभी महज दो महीने पहले ही शादी हुई थी। दोनों युवकों के घरवाले अपने-अपने गांवों में रहते हैं, जिन्हें हादसे की सूचना दे दी गई है। स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर भारी गुस्सा है कि हाईवे जैसे व्यस्त चौराहे पर बिना पुख्ता सुरक्षा इंतजामों के इतना बड़ा गड्ढा आखिर किसके भरोसे खुला छोड़ दिया गया था।