पलवल ब्लाइंड लूट कांड का पर्दाफाश: मास्टरमाइंड समेत 7 गिरफ्तार, 17 लाख और सोना बरामद
Apr 18, 2026 1:53 PM
पलवल। पलवल में कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वाली लाखों की 'ब्लाइंड लूट' की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। शनिवार को पुलिस अधीक्षक (एसपी) नीतीश अग्रवाल ने प्रेस वार्ता के दौरान इस बड़ी कामयाबी का खुलासा किया। पुलिस की विशेष टीमों ने न केवल वारदात को अंजाम देने वाले सात शातिर लुटेरों को दबोचा, बल्कि उनके कब्जे से लूटी गई संपत्ति का एक बड़ा हिस्सा—17 लाख रुपये नकद और 150 ग्राम सोना—भी बरामद कर लिया है। यह गिरोह इतना पेशेवर था कि इस वारदात को अंजाम देने के लिए पिछले तीन महीने से व्यापारी के घर और गतिविधियों की रेकी की जा रही थी।
टेक्नोलॉजी और तफ्तीश का मेल: सीसीटीवी ने खोला राज
वारदात के बाद पुलिस के पास आरोपियों का कोई सुराग नहीं था, लेकिन टेक्निकल सर्विलांस और जमीनी तफ्तीश के संगम ने आरोपियों तक पहुँचने का रास्ता साफ किया। एसपी नीतीश अग्रवाल ने बताया कि तफ्तीश के दौरान पुलिस ने शहर के करीब 250 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इन फुटेज के मिलान और संदिग्धों की मूवमेंट को ट्रैक करने के बाद पुलिस की रडार पर दिल्ली का एक गैंग आया। कड़ी से कड़ी जोड़ते हुए पुलिस ने दिल्ली, झज्जर, पलवल और यहाँ तक कि पश्चिम बंगाल से जुड़े इस अंतर्राज्यीय गैंग के सदस्यों को एक-एक कर उठा लिया।
खूंखार है गिरोह का मुखिया: धर्मवीर पर दर्ज हैं 26 मुकदमे
पकड़े गए आरोपियों का प्रोफाइल किसी बड़े क्राइम सिंडिकेट से कम नहीं है। पुलिस के मुताबिक, गैंग का मास्टरमाइंड दिल्ली का रहने वाला धर्मवीर है। धर्मवीर कोई नौसिखिया नहीं, बल्कि साल 2011 से अपराध की दुनिया में सक्रिय है और उस पर अकेले 26 संगीन मामले दर्ज हैं। इसी तरह, गिरोह के एक अन्य सदस्य बिजेंद्र पर भी 17 आपराधिक मुकदमे चल रहे हैं। गैंग के बाकी सदस्यों का भी पुराना आपराधिक रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है, जिनमें से कई पर पहले ही दर्जनों मामले दर्ज होने की पुष्टि हुई है।
अभी बाकी है रिकवरी; पुलिस की रडार पर कई और नाम
हालांकि पुलिस ने 17 लाख रुपये और आधा सोना बरामद कर लिया है, लेकिन वारदात में लूटी गई करीब 13 लाख की बकाया नकदी और 150 ग्राम सोना अब भी बरामद होना शेष है। एसपी ने आश्वासन दिया है कि गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर अन्य साथियों की धरपकड़ के लिए छापेमारी जारी है। उन्होंने साफ किया कि पुलिस की रडार पर कुछ और नाम भी आए हैं, जिनकी गिरफ्तारी के बाद बाकी की रिकवरी भी सुनिश्चित की जाएगी। इस कार्रवाई के बाद पलवल के व्यापारी वर्ग ने पुलिस प्रशासन की तत्परता पर संतोष जताया है।