लुधियाना इन्फ्लुएंसर हत्याकांड: कमल कौर भाभी की हत्या का मुख्य आरोपी गिरफ्तार, UAE से पंजाब लाया गया
Apr 10, 2026 10:06 AM
लुधियाना: लुधियाना की सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर कंचन कुमारी उर्फ कमल कौर भाभी हत्याकांड में बड़ा खुलासा हुआ है। इस मामले के मुख्य आरोपी अमृतपाल सिंह मेहरों को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से पंजाब लाया गया है। पुलिस के अनुसार, बठिंडा में जून 2025 में हुई इस सनसनीखेज हत्या के बाद आरोपी विदेश भाग गया था, जिसे अब डिपोर्ट कर भारत लाया गया है और आगे की जांच जारी है।
UAE से गिरफ्तारी और भारत लाने की प्रक्रिया
पुलिस सूत्रों के अनुसार, बठिंडा पुलिस की टीम आरोपी अमृतपाल को UAE की अथॉरिटीज से कस्टडी में लेकर भारत पहुंची। जानकारी के मुताबिक, अमृतपाल को इसी साल जनवरी में शारजाह पुलिस ने वीजा से जुड़े मामले में पूछताछ के दौरान हिरासत में लिया था। हालांकि उसे भारत लाने की प्रक्रिया पूरी होने में समय लगा और अब उसे पंजाब लाकर जांच तेज कर दी गई है।
बठिंडा में मिला था शव
कमल कौर भाभी की हत्या जून 2025 में बठिंडा में की गई थी। उनका शव आदेश अस्पताल की पार्किंग में एक ईऑन कार में पड़ा मिला था। कार से तेज बदबू आने पर इस वारदात का खुलासा हुआ था, जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
तीन महीने तक की गई रेकी
एसएसपी अमनीत कौंडल के अनुसार, पुलिस रिमांड पर लिए गए आरोपियों निमरतजीत सिंह और जसप्रीत से पूछताछ में सामने आया कि अमृतपाल इस हत्या का मास्टरमाइंड है। वह करीब तीन महीने से कंचन की हत्या की योजना बना रहा था और उसने दोनों आरोपियों को भी इसमें शामिल किया था। इस दौरान तीनों ने लुधियाना में कंचन की गतिविधियों पर नजर रखी।
घर के पास रहकर बनाई साजिश
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी कंचन के घर के आसपास कई होटलों में रुके और उसकी हर गतिविधि पर नजर रखी। 7 और 8 जून को आरोपी उसके घर भी पहुंचे, जहां उन्होंने उससे संपर्क करने की कोशिश की और उसे बहाने से बठिंडा बुलाने की योजना बनाई।
बहाने से बठिंडा बुलाया
अमृतपाल ने कंचन को कार शोरूम प्रमोशन का लालच दिया। पहले उसने मना कर दिया, लेकिन बाद में कार रेनोवेशन का झांसा देकर उसे मना लिया। 9 जून को आरोपी उसे लुधियाना से बठिंडा लेकर गए, जहां पूरी वारदात को अंजाम दिया गया।
सुनसान जगह पर की हत्या
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने कंचन को सुनसान जगह पर ले जाकर उसके मोबाइल के पासवर्ड मांगे। विरोध करने पर उसे पीटा गया और फिर तीनों आरोपियों ने मिलकर करीब 15 मिनट तक उसका गला दबाया, जिससे उसकी मौत हो गई।
सबूत मिटाने की कोशिश
हत्या के बाद आरोपियों ने शव को कार में ही छोड़ दिया और आदेश अस्पताल की पार्किंग में कार खड़ी कर दी। बाद में उन्हें याद आया कि हत्या में इस्तेमाल फंदा कार में रह गया है, जिसे निकालने के लिए वे दोबारा मौके पर पहुंचे और सबूत मिटाने की कोशिश की।
हत्या के बाद फरार
जांच में सामने आया कि अमृतपाल हत्या के दिन ही सुबह अमृतसर एयरपोर्ट से UAE भाग गया था। पुलिस ने लुकआउट नोटिस जारी कर उसकी ट्रैवल हिस्ट्री खंगाली, जिसके बाद उसकी लोकेशन का पता चला। अब आरोपी को भारत लाकर मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।