Search

पंजाब वेदर अपडेट: 27 मई तक भीषण लू का अलर्ट, जानें किस दिन आंधी-बारिश से मिलेगी तपिश से राहत

May 26, 2026 9:51 AM

मई का महीना खत्म होते-होते पंजाब की धरती भट्टी की तरह तपने लगी है। आसमान से बरसती आग और गर्म हवा के थपेड़ों ने लोगों का घरों से निकलना दूभर कर दिया है। इस चिलचिलाती धूप के बीच मौसम विभाग का ताजा पूर्वानुमान पंजाब के लोगों के लिए एक बड़ी राहत लेकर आया है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, सूबे को इस भीषण गर्मी से निजात दिलाने के लिए एक नया मौसमी सिस्टम सक्रिय हो रहा है। हालांकि, राहत मिलने से पहले अगले दो दिन यानी 27 मई तक लोगों को भीषण लू का सामना करना पड़ेगा, लेकिन उसके बाद मौसम करवट लेगा और धूलभरी आंधी के साथ फुहारें गिरेंगी।

अगले 48 घंटे बढ़ेगा पारा, बठिंडा में गर्मी ने तोड़े रिकॉर्ड

मौसम केंद्र के आंकड़ों पर नजर डालें तो पंजाब में इस समय गर्मी अपने चरम पर है। पिछले 24 घंटों के दौरान बठिंडा 44.6 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान के साथ पूरे राज्य में सबसे गर्म इलाका रहा। इसके विपरीत, सबसे कम तापमान भाखड़ा डैम क्षेत्र में 22.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

मौसम विभाग के अनुसार, 26 और 27 मई को आसमान पूरी तरह साफ रहेगा, जिससे सीधे आ रही धूप मैदानी इलाकों को और तपाएगी। इन दो दिनों में पंजाब के कई जिलों का तापमान 43 से 44 डिग्री सेल्सियस को पार कर सकता है। हालांकि, राज्य के औसत अधिकतम तापमान में फिलहाल 0.3 डिग्री की ही मामूली बढ़ोतरी देखी गई है, लेकिन न्यूनतम तापमान सामान्य से 2.4 डिग्री अधिक होने के कारण रात के समय भी उमस और गर्मी से राहत नहीं मिल पा रही है।

28 मई से 50 किमी की रफ्तार से चलेगा अंधड़, इन दिनों मिलेगी राहत

मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 28 मई से हवाओं का रुख बदलेगा और आसमान में आंशिक रूप से बादल छाने लगेंगे। असली राहत 28 से 30 मई के बीच देखने को मिलेगी, जब पंजाब के अलग-अलग हिस्सों में मौसम पूरी तरह पलटी मारेगा।

मौसम विभाग की चेतावनी: "28 से 30 मई के दौरान राज्य के कई जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज रफ्तार से धूलभरी आंधी और तूफान आने की आशंका है। इस दौरान गरज-चमक के साथ बिजली कड़कने और हल्की से मध्यम बारिश होने की पूरी संभावना बनी हुई है।"

इस प्री-मानसून गतिविधि के चलते पंजाब के तापमान में अच्छी-खासी गिरावट दर्ज की जाएगी। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि यह आंशिक बारिश और तापमान में गिरावट खेतों में खड़ी फसलों और अगली बुवाई की तैयारियों में जुटे किसानों के लिए भी काफी हद तक मददगार साबित हो सकती है। कुल मिलाकर, पंजाब के लोगों को बस अगले दो दिन और इस तपिश को बर्दाश्त करना होगा, जिसके बाद प्रकृति खुद उन्हें इस तपन से राहत देगी।

You may also like:

Please Login to comment in the post!