राजस्थान में बारिश-आंधी से तापमान में गिरावट दर्ज, कोटा में बिजली गिरने और अजमेर हाईवे पर पेड़ गिरने की घटनाएं सामने आईं
Apr 30, 2026 5:29 PM
जयपुर: राजस्थान में गुरुवार को भी पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम में बदलाव जारी रहा। जयपुर, धौलपुर, अलवर और सीकर जिलों में बारिश दर्ज की गई, जबकि भरतपुर के नदबई क्षेत्र में ओले गिरे। इस दौरान जयपुर-अजमेर हाईवे पर किशनगढ़ के पास तेज अंधड़ के कारण एक पेड़ गिर गया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। कोटा में बारिश के दौरान एक मकान पर बिजली गिरने की घटना भी सामने आई। मौसम के इस बदलाव से प्रदेश के लोगों को भीषण गर्मी और लू से राहत मिली है। राजस्थान के विभिन्न हिस्सों में पिछले 24 घंटे के दौरान मौसम का मिजाज बदला रहा। बुधवार को भी कई जिलों में बारिश के साथ ओले गिरे थे, जिसका असर गुरुवार तक बना रहा। श्रीगंगानगर, सीकर और पिलानी समेत 10 से अधिक शहरों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया, जिससे गर्मी में कुछ राहत मिली।
कोटा में बारिश के दौरान एक मकान पर बिजली गिरने से छत का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया, हालांकि किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। वहीं, अजमेर हाईवे पर पेड़ गिरने से कुछ समय के लिए यातायात बाधित रहा। आंधी के चलते कोटा में शादियों के टेंट भी उड़ गए, जिससे स्थानीय स्तर पर नुकसान हुआ। प्रदेश में सबसे अधिक तापमान चित्तौड़गढ़ में 43.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। भीषण गर्मी को देखते हुए यहां वन्यजीव गणना का समय बदल दिया गया है और अब यह शाम के समय की जाएगी। वन्यजीवों के लिए 60 से अधिक वाटर होल्स भी तैयार किए गए हैं ताकि उन्हें राहत मिल सके।
तापमान में गिरावट, लू से राहत
बारिश और ओलावृष्टि के कारण दिन और रात के तापमान में तीन से चार डिग्री तक की गिरावट दर्ज की गई है। इससे लू का असर कम हुआ है और लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिली है। हालांकि, कुछ क्षेत्रों में तेज आंधी ने अस्थायी परेशानी जरूर पैदा की। मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर ने प्रदेश के 8 जिलों में आंधी और बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। आने वाले दिनों में भी मौसम में इसी तरह के बदलाव की संभावना जताई गई है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।