सिरसा दुष्कर्म केस: स्कूल के छात्र पर छठी कक्षा की छात्रा से दरिंदगी का आरोप, मचा बवाल
Apr 20, 2026 12:02 PM
सिरसा। सिरसा जिले के कालांवाली इलाके में कानून और प्रशासन की असंवेदनशीलता का एक काला चेहरा उजागर हुआ है। एक मां अपनी शारीरिक और मानसिक रूप से अक्षम बच्ची के साथ हुई दरिंदगी की शिकायत लेकर रात भर बड़ागुढ़ा थाना और सिरसा नागरिक अस्पताल के गलियारों में भटकती रही। लेकिन किसी भी अधिकारी या डॉक्टर ने उसकी चीखें सुनने तक की जहमत नहीं उठाई। इस बच्ची के साथ उसी के सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले एक छात्र ने दुष्कर्म जैसा घिनौना अपराध किया है।
पुलिस की संवेदनहीनता, सिस्टम बना तमाशा
पीड़िता की मां ने मीडिया के सामने फफकते हुए बताया कि उसने मदद के लिए 112 नंबर पर भी कॉल किया था। वहां से उसे जो जवाब मिला, उसने पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। उसे कहा गया कि वे इस मामले में कुछ नहीं कर सकते। इसके बाद जब वह बड़ागुढ़ा थाने पहुंची, तो वहां भी उसकी बात अनसुनी कर दी गई। एक बेबस मां पूरी रात अपनी बेटी को सीने से लगाए न्याय की भीख मांगती रही, लेकिन उसे केवल निराशा हाथ लगी।
मीडिया के हस्तक्षेप से जागृत हुआ प्रशासन
जब हर तरफ से दरवाजे बंद हो गए, तो पीड़िता की मां ने मीडिया की शरण ली। पत्रकारों ने तुरंत इस मामले की गंभीरता को समझते हुए पुलिस कप्तान (SP) के कार्यालय और सीआईडी को घटना की जानकारी दी। इसके बाद अचानक प्रशासन में हलचल मच गई। सूचना मिलते ही बड़ागुढ़ा पुलिस ने सक्रियता दिखाई और पीड़िता व उसकी मां को संपर्क कर थाने बुलाया। इसके बाद पुलिस ने बच्ची को सुरक्षा में लिया और आधिकारिक कार्रवाई शुरू की।
जांच अधिकारी का बयान, मेडिकल प्रक्रिया शुरू
इस मामले में जांच अधिकारी प्रीती ने सफाई देते हुए कहा कि पुलिस सुबह से ही परिजनों की तलाश कर रही थी। उन्होंने बताया कि अब मां के बयानों के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस फिलहाल बच्ची का मेडिकल परीक्षण करवा रही है ताकि कानूनी प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके। यह घटना एक बार फिर पुलिस प्रशासन के उस दावों पर सवालिया निशान लगाती है, जिसमें वे हर समय नागरिकों की सुरक्षा और मदद के लिए तत्पर होने की बात करते हैं।