धामी सरकार का मास्टरस्ट्रोक: उत्तराखंड विकास योजनाओं के लिए ₹1096 करोड़ मंजूर
May 08, 2026 5:07 PM
उत्तराखंड। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश के विकास को नई ऊंचाई देने के लिए बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री ने शिक्षा, पर्यटन, शहरी निकाय और आगामी कुंभ मेला-2027 जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों की विकास योजनाओं के लिए ₹1096 करोड़ से अधिक की भारी-भरकम वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। सरकार का यह फैसला राज्य के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ स्थानीय निकायों को वित्तीय रूप से और सशक्त बनाएगा।
कुंभ 2027 की तैयारी: हरिद्वार का बदलेगा स्वरूप
प्रयागराज के बाद अब हरिद्वार कुंभ 2027 के लिए धामी सरकार ने अभी से कमर कस ली है। मुख्यमंत्री ने कुंभ से जुड़े स्थायी कार्यों के लिए करोड़ों की धनराशि जारी की है। इसमें हरिद्वार के प्रमुख चौकों—शंकराचार्य, देवपुरा और आर्यनगर चौक—के जंक्शन सुधार और सौंदर्यीकरण के लिए ₹6.83 करोड़ आवंटित किए गए हैं। साथ ही, मेले के दौरान स्वच्छता बनाए रखने के लिए अत्याधुनिक 'ईवी रोड स्वीपिंग मशीनों' की खरीद हेतु ₹5.95 करोड़ मंजूर किए गए हैं।
पंचायतीराज और शहरी निकायों को मिला 'बजट बूस्टर'
ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के विकास को गति देने के लिए छठे राज्य वित्त आयोग के तहत भारी धनराशि अवमुक्त की गई है। शहरी निकाय: समस्त शहरी निकायों के लिए अप्रैल-जून तिमाही हेतु ₹328.27 करोड़ जारी किए गए हैं। त्रिस्तरीय पंचायत: जिला, क्षेत्र और ग्राम पंचायतों के लिए कुल ₹352.27 करोड़ की स्वीकृति दी गई है। इसका सीधा असर गांव और शहरों की साफ-सफाई, स्ट्रीट लाइट और स्थानीय विकास कार्यों पर दिखेगा।
शिक्षा क्षेत्र पर विशेष फोकस: वेतन और सुविधाओं के लिए ₹380 करोड़
मुख्यमंत्री ने शिक्षा विभाग की फाइलों पर भी तुरंत मुहर लगाई है। अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों (एडेड स्कूलों) के कर्मचारियों के वेतन संकट को दूर करते हुए प्रारंभिक शिक्षा के लिए ₹80 करोड़ और माध्यमिक शिक्षा के लिए ₹300 करोड़ की पहली किस्त मंजूर की गई है। इससे हजारों शिक्षकों और कर्मचारियों को समय पर वेतन मिल सकेगा।
नैनीताल को पुल और पार्किंग की सौगात
पर्यटन के लिहाज से महत्वपूर्ण नैनीताल जिले के लिए भी मुख्यमंत्री ने खजाना खोला है। कालाढूंगी के कोटाबाग (पतलिया) स्थित गुरूणी नाले पर पुल निर्माण के लिए ₹9.43 करोड़ मंजूर किए गए हैं, जिससे स्थानीय ग्रामीणों की वर्षों पुरानी राह आसान होगी। वहीं, मुक्तेश्वर के मोहन बाजार में पर्यटकों की सुविधा के लिए कार पार्किंग निर्माण हेतु ₹9.89 करोड़ की स्वीकृति दी गई है, जिससे पीक सीजन में लगने वाले ट्रैफिक जाम से निजात मिलेगी।
अनुभवी पत्रकारों का मानना है कि वित्तीय वर्ष की शुरुआत में ही इतनी बड़ी राशि का आवंटन यह दर्शाता है कि धामी सरकार विकास कार्यों में किसी भी तरह की 'लालफीताशाही' नहीं चाहती और जमीनी स्तर पर काम को समय से पूरा करने को लेकर गंभीर है।