- by Vinita Kohli
- Nov, 01, 2025 04:35
चंडीगढ़: शहर और आसपास के इलाकों से पढ़ाई के लिए आने वाले विद्यार्थियों के लिए एक अहम राहत भरा कदम उठाया गया है। पंजाब यूनिवर्सिटी (पीयू) प्रशासन ने छात्रों की रोजमर्रा की आवाजाही को आसान बनाने के उद्देश्य से पंचकूला और मोहाली तक बस सेवा ट्रायल आधार पर शुरू करने का फैसला लिया है। इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि केवल वीरवार तक ही निर्धारित की गई है। इस प्रस्ताव को लेकर यूनिवर्सिटी परिसर में लंबे समय से मांग उठ रही थी, जिसे अब अमल में लाया जा रहा है। यूनिवर्सिटी की ओर से जारी सूचना के अनुसार यह बस सेवा केवल कार्यदिवसों में संचालित होगी। छात्रों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए बसें सुबह और शाम, दोनों समय उपलब्ध रहेंगी, ताकि कक्षाओं और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों में शामिल होने वाले विद्यार्थियों को समय पर आवागमन की सुविधा मिल सके।
फिलहाल यह सेवा ट्रायल के तौर पर शुरू की जा रही है, जिसके परिणामों के आधार पर आगे स्थायी व्यवस्था पर निर्णय लिया जाएगा। प्रशासन ने बताया कि इस बस सेवा का लाभ उठाने के इच्छुक छात्रों को अपने-अपने विभागाध्यक्ष के माध्यम से आवेदन करना अनिवार्य होगा। आवेदन पत्र में छात्र को अपना पूरा और सही पता दर्ज करना होगा, जिससे यह आकलन किया जा सके कि किस क्षेत्र से कितने छात्र इस सुविधा का उपयोग करना चाहते हैं। यूनिवर्सिटी ने साफ किया है कि वीरवार तक प्राप्त आवेदनों के आधार पर ही बसों के रूट तय किए जाएंगे। यूनिवर्सिटी अधिकारियों के अनुसार, सभी आवेदनों की समीक्षा के बाद सक्षम प्राधिकारी की ओर से बस रूट फाइनल किए जाएंगे। इसके बाद चयनित छात्रों को मासिक पास जारी किए जाएंगे, जिससे वे नियमित रूप से इस बस सेवा का लाभ ले सकें।
साथ ही सभी विभागाध्यक्षों को निर्देश दिए गए हैं कि वे इस सूचना को छात्रों तक पहुंचाएं और विभागों के नोटिस बोर्ड पर भी इसे प्रदर्शित करें, ताकि कोई भी इच्छुक छात्र अंतिम तिथि से पहले आवेदन करने से वंचित न रह जाए। डीएसडब्ल्यू कार्यालय की सूचना के बाद छात्रों में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। छात्रों का कहना है कि पंचकूला और मोहाली से रोजाना आने-जाने में उन्हें समय और पैसे दोनों की परेशानी झेलनी पड़ती है। बस सेवा शुरू होने से न केवल उनका खर्च कम होगा, बल्कि यात्रा भी अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक हो सकेगी। यूनिवर्सिटी प्रशासन को उम्मीद है कि ट्रायल सफल रहने पर इस सुविधा का दायरा आगे और बढ़ाया जा सकता है।
कानून विभाग के 50 छात्र 19–20 जनवरी को संसद भवन में विशेष प्रशिक्षण में होंगे शामिल
पीयू के कानून विभाग के विद्यार्थियों के लिए एक विशेष शैक्षणिक अवसर सामने आया है। विभाग के 50 छात्र पहली बार नई दिल्ली स्थित संसद भवन में आयोजित होने वाले विधायी प्रारूपण के विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। यह दो दिवसीय कार्यक्रम 19 और 20 जनवरी को आयोजित किया जाएगा, जिसमें छात्रों को कानून निर्माण की व्यवहारिक प्रक्रिया से रूबरू कराया जाएगा। इस कार्यक्रम के लिए आवेदन प्रक्रिया पीयूसीएससी की ओर से साझा किए गए क्यूआर कोड के माध्यम से पूरी की जाएगी। चयन पूरी तरह ‘पहले आओ, पहले पाओ’ के आधार पर होगा और आवेदन केवल सीमित अवधि के लिए ही स्वीकार किए जाएंगे। यूनिवर्सिटी की वाइस चांसलर प्रो. रेनू विग ने इसे पीयू के लिए गर्व का क्षण बताया। उन्होंने कहा कि इस तरह के राष्ट्रीय स्तर के अकादमिक कार्यक्रम छात्रों को व्यावहारिक ज्ञान के साथ-साथ देश की विधायी प्रक्रिया को नजदीक से समझने का अवसर देते हैं। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को संसद के अनुभवी अधिकारियों और विधि विशेषज्ञों से संवाद करने का भी मौका मिलेगा।