दिल्ली-हरियाणा के बीच 'जाम' का किस्सा होगा खत्म: मुनक नहर पर सजेगा 16 KM लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर
Mar 22, 2026 5:01 PM
हरियाणा। उत्तरी दिल्ली और हरियाणा के सीमावर्ती इलाकों में रहने वालों के लिए सुबह-शाम का ट्रैफिक किसी दुःस्वप्न से कम नहीं होता। लेकिन अब दिल्ली सरकार और PWD ने इस समस्या का स्थायी समाधान ढूंढ लिया है। मुनक नहर के समानांतर एक नया एलिवेटेड कॉरिडोर बनाने की योजना है, जो इंद्रलोक से शुरू होकर बवाना स्थित UER-2 तक जाएगा। दिल्ली सरकार ने इस प्रोजेक्ट की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार कर ली है और अब गेंद हरियाणा सरकार के पाले में है, जिससे निर्माण के लिए जरूरी एनओसी मांगी गई है।
4,700 करोड़ का निवेश: इन इलाकों की बदलेगी तकदीर
यह केवल एक सड़क नहीं, बल्कि उत्तरी दिल्ली की लाइफलाइन साबित होगी। PWD मंत्री प्रवेश वर्मा के अनुसार, इस 16 किलोमीटर लंबे रूट पर 4,700 करोड़ रुपये निवेश किए जाएंगे। इस कॉरिडोर के बन जाने से इंद्रलोक, केशवपुरम, त्रिनगर, शालीमार बाग, रोहिणी, सराय रोहिल्ला और बवाना जैसे घनी आबादी वाले इलाकों को सीधा फायदा होगा। वर्तमान में इन इलाकों की आंतरिक सड़कों पर जो दबाव रहता है, वह इस कॉरिडोर के शुरू होते ही खत्म हो जाएगा।
क्यों जरूरी है हरियाणा की एनओसी?
तकनीकी रूप से यह प्रोजेक्ट काफी दिलचस्प है। कॉरिडोर का अधिकांश हिस्सा दिल्ली की भौगोलिक सीमा में आता है, लेकिन चूंकि यह मुनक नहर के ऊपर और उसके किनारों पर निर्मित होना है, इसलिए हरियाणा सरकार की अनुमति अनिवार्य है। मुनक नहर का रखरखाव और स्वामित्व हरियाणा के पास है। दिल्ली सरकार ने हाल ही में गृह मंत्रालय की एक उच्च स्तरीय बैठक में इस मुद्दे को उठाया है ताकि एनएचएआई (NHAI) और हरियाणा सरकार के साथ तालमेल बिठाकर काम को जल्द से जल्द जमीन पर उतारा जा सके।
फर्राटेदार सफर और बेहतर कनेक्टिविटी
इस एलिवेटेड कॉरिडोर की सबसे बड़ी खासियत इसका 'सिग्नल फ्री' होना है। इसमें विशिष्ट स्थानों पर एंट्री और एग्जिट पॉइंट दिए जाएंगे, ताकि स्थानीय ट्रैफिक भी इसका लाभ उठा सके। UER-2 से जुड़ने के कारण, यह कॉरिडोर हरियाणा के सोनीपत, कुंडली और झज्जर जाने वाले वाहनों को भी एक वैकल्पिक और तेज रास्ता प्रदान करेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि इस परियोजना के पूरा होने के बाद रिंग रोड और आउटर रिंग रोड पर वाहनों का दबाव कम से कम 30 प्रतिशत तक कम हो जाएगा, जिससे प्रदूषण के स्तर में भी गिरावट आने की उम्मीद है।