हरियाणा रोडवेज का बड़ा कदम: मई अंत तक 10 शहरों को मिलेंगी 90 नई इलेक्ट्रिक बसें
Apr 26, 2026 12:07 PM
हरियाणा। हरियाणा में पब्लिक ट्रांसपोर्ट की सूरत बदलने की कवायद अब धरातल पर दिखने लगी है। प्रदेश के 10 बड़े शहरों में रहने वाले लोगों के लिए राहत की खबर यह है कि मई के अंत तक शहर के भीतर चलने वाली इलेक्ट्रिक बसों की संख्या में भारी इजाफा होने जा रहा है। परिवहन विभाग ने बेड़े में 90 नई इलेक्ट्रिक बसें जोड़ने की पूरी तैयारी कर ली है, जो मई के आखिरी सप्ताह तक संबंधित डिपो में पहुंच जाएंगी। फिलहाल राज्य के अलग-अलग रूटों पर 65 सिटी बसें सेवा दे रही हैं, लेकिन जून का सूरज चढ़ते ही यह आंकड़ा 155 के पार निकल जाएगा।
तकनीकी जांच के बाद ही मिलेगी हरी झंडी
नई बसों को सीधे सड़कों पर उतारने के बजाय विभाग सुरक्षा और गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं करना चाहता। इसके लिए एक उच्चस्तरीय विभागीय कमेटी का गठन किया गया है। यह कमेटी बस निर्माता कंपनियों द्वारा भेजी गई बसों का बारीकी से अवलोकन करेगी। इसमें बैटरी बैकअप, ब्रेकिंग सिस्टम और यात्रियों की सुविधा से जुड़े तकनीकी पहलुओं को परखा जाएगा। कमेटी की 'ओके' रिपोर्ट मिलने के बाद ही इन बसों को जिलों में रूट अलॉट किए जाएंगे।
इन शहरों के यात्रियों को मिलेगी बड़ी राहत
शुरुआती चरण में पंचकूला, हिसार, रोहतक और रेवाड़ी जैसे शहरों में सिटी बस सेवा का जाल बिछाया गया था। अब इस कड़ी में सोनीपत, करनाल, पानीपत, यमुनानगर, अंबाला और हाल ही में शामिल किए गए कुरुक्षेत्र में भी बसों की संख्या बढ़ाई जाएगी। विभाग की रणनीति केवल बसें चलाने की नहीं, बल्कि शहरों के भीतर प्रदूषण को कम करने की भी है। यही कारण है कि पारंपरिक डीजल बसों के बजाय इलेक्ट्रिक सेगमेंट पर पूरा जोर दिया जा रहा है।
375 बसों का है अंतिम लक्ष्य
परिवहन विभाग के आला अधिकारियों के मुताबिक, 155 बसों का यह आंकड़ा तो बस शुरुआत है। सरकार का अंतिम लक्ष्य राज्य के इन 10 शहरों में कुल 375 इलेक्ट्रिक बसों का नेटवर्क तैयार करना है। इससे न केवल स्थानीय कनेक्टिविटी मजबूत होगी, बल्कि आम आदमी को बेहद कम खर्च में एयरकंडीशंड (AC) सफर की सुविधा मिल सकेगी। जून के पहले सप्ताह से इन नई बसों का विधिवत संचालन शुरू होने की उम्मीद है।