हरियाणा में मौसम का यू-टर्न: आंधी और बारिश ने दी गर्मी से राहत, जानें अपने जिले का हाल
Apr 30, 2026 9:47 AM
हरियाणा। चंडीगढ़ और आसपास के इलाकों समेत समूचे हरियाणा में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। पिछले कुछ दिनों से सूरज की तपिश झेल रहे प्रदेशवासियों को पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता ने बड़ी राहत दी है। कल सुबह से ही आसमान में बादलों की आवाजाही शुरू हो गई थी, जिसके बाद दोपहर होते-होते 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली धूल भरी हवाओं और बूंदाबांदी ने चढ़ते तापमान पर लगाम लगा दी। इस अचानक आए बदलाव से न केवल उमस कम हुई है, बल्कि भीषण गर्मी के बीच चल रही लू के थपेड़ों से भी निजात मिली है।
रात के तापमान में जबरदस्त गिरावट
मौसम विभाग के आंकड़ों पर नजर डालें तो इस बदलाव का सबसे ज्यादा असर रात के तापमान पर पड़ा है। पिछले 24 घंटों के भीतर न्यूनतम तापमान में 6.6 डिग्री सेल्सियस की बड़ी गिरावट देखी गई, जिससे पारा गिरकर 22.5 डिग्री पर आ गया। यह सामान्य से करीब 2 डिग्री कम है। वहीं, दिन का अधिकतम तापमान भी 38 डिग्री सेल्सियस के आसपास सिमट गया है। पारे में आई इस कमी ने लोगों को एसी और कूलर की भारी जरूरत से थोड़ी देर के लिए दूर कर दिया है।
किसानों को सतर्क रहने की सलाह
मौसम विभाग ने आज पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, करनाल, सोनीपत और पानीपत जैसे उत्तरी जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज आंधी का अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा गुरुग्राम, फरीदाबाद और पलवल बेल्ट में भी मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने साफ किया है कि हालांकि 1 मई को मौसम कुछ हद तक साफ रह सकता है, लेकिन राहत का यह सिलसिला लंबा चलेगा।
2 मई से फिर बदलेगा मौसम
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, राहत अभी खत्म नहीं हुई है। 2 मई को एक और नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत में दस्तक देगा। इसका सीधा असर हरियाणा के मैदानी इलाकों पर पड़ेगा, जिससे 5 मई तक प्रदेश के कई हिस्सों में तेज हवाओं के साथ बारिश का 'येलो अलर्ट' जारी किया गया है। प्रशासन ने आम जनता और विशेषकर किसानों को सलाह दी है कि बिजली कड़कने या तेज अंधड़ के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और कटी हुई फसलों का ध्यान रखें।