September 1, 2026

Hisar News: हिसार के व्यापारी को सरेआम जान से मारने की धमकी, गाड़ी में मिली पर्ची— “हमारा काम मानस मारना, गोलियां चलेंगी”

0
Hisar News: हिसार के व्यापारी को सरेआम जान से मारने की धमकी, गाड़ी में मिली पर्ची— "हमारा काम मानस मारना, गोलियां चलेंगी"

हिसार के व्यापारी को सरेआम जान से मारने की धमकी, गाड़ी में मिली पर्ची

Hisar News: हिसार के सबसे व्यस्त व्यावसायिक इलाकों में से एक ‘गणेश मार्केट’ में सोमवार को उस वक्त सनसनी फैल गई, जब ‘सच मोबाइल शॉप’ के संचालक मुकेश को सीधी जान से मारने की धमकी दी गई। किसी अज्ञात व्यक्ति ने व्यापारी की गाड़ी की पिछली सीट पर एक हाथ से लिखी पर्ची फेंक दी।

जब मुकेश ने गाड़ी में जाकर देखा तो पर्ची पर लिखा संदेश बेहद खौफनाक था। पर्ची में लिखा था— “मुकेश हमारा काम है मानस मारना, मनोज सिंधवानी मेरा भाई तेरा उसके साथ कोई मैटर चल रहा है। हमारी बात मान ले मैटर खत्म कर दे। नहीं तो गोलियां चलेंगी। हमारे से पंगा लेने वाला जिंदा कौनी बचे।”

धमकी भरे पत्र की जानकारी मिलते ही स्थानीय व्यापारियों में भारी रोष और दहशत का माहौल बन गया। घटना की खबर फैलते ही हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल के अध्यक्ष बजरंग दास गर्ग और हिसार के पूर्व मेयर गौतम सरदाना मौके पर पहुंचे। व्यापारियों ने एकजुट होकर पुलिस प्रशासन के समक्ष सुरक्षा की गुहार लगाई और पुलिस को तुरंत लिखित शिकायत सौंपी।

क्या है 5 महीने पुराना ब्लैकमेलिंग कांड, जिसमें गिरफ्तार हुआ था तथाकथित एक्टिविस्ट?

यह पूरा मामला करीब पांच महीने पुराने एक रिश्वतकांड से जुड़ा हुआ है। दरअसल, मोबाइल शॉप संचालक मुकेश और उनके साथी दीपांशु सेक्टर-14 के सामने एक कमर्शियल बिल्डिंग का निर्माण करा रहे थे। आरोप है कि हिसार का तथाकथित आरटीआई एक्टिविस्ट मनोज सिंधवानी काफी समय से उन्हें परेशान कर रहा था। वह बिल्डिंग में अनियमितताओं का आरोप लगाकर आरटीआई लगाने और नगर निगम से सील करवाने की धमकियां दे रहा था।

आरटीआई न लगाने और सील न करवाने की एवज में मनोज सिंधवानी ने 1 लाख रुपये की मोटी रकम की डिमांड रखी थी। रोज-रोज के मानसिक उत्पीड़न से तंग आकर व्यापारी दीपांशु और मुकेश ने एसपी हिसार से मुलाकात कर पूरे मामले का पर्दाफाश किया।

एसपी के निर्देश पर सिटी थाना पुलिस ने सुनियोजित जाल बिछाया। जैसे ही शुक्रवार देर रात व्यापारी ने आरोपी मनोज सिंधवानी को 1 लाख रुपये रिश्वत के थमाए, पहले से घात लगाए बैठी पुलिस टीम ने उसे रंगे हाथ दबोच लिया था। गिरफ्तारी के दौरान आरोपी गिड़गिड़ाता रहा, लेकिन पुलिस ने उसे जेल भेज दिया।

समझौते के लिए बनाया जा रहा था दबाव, पुलिस जांच में जुटी

मुकेश का कहना है कि जेल में बंद मनोज सिंधवानी और उसके गुर्गे पिछले कई हफ्तों से केस वापस लेने और राजीनामा करने का दबाव बना रहे थे। इसके लिए कई बार दोस्तों और परिचितों के जरिए फोन भी करवाए गए थे। जब उन्होंने झुकने से साफ इनकार कर दिया, तो अब इस तरह गाड़ी में पत्र फेंककर सरेआम गोलियां मारने की धमकियां दी जा रही हैं।

सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और वारदात स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है। पुलिस का कहना है कि गाड़ी में पर्ची फेंकने वाले शख्स की पहचान की जा रही है और यह भी खंगाला जा रहा है कि जेल के अंदर से इस साजिश के तार जुड़े हैं या बाहर मौजूद उसके साथियों की यह करतूत है। पुलिस ने व्यापारी को सुरक्षा का आश्वासन दिया है।

यह भी पढ़ें–  पलवल में राशन कार्ड बनवाने आई महिला से सरपंच ने किया दुष्कर्म, अश्लील वीडियो वायरल

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed