एसआईआर प्रक्रिया के बाद गुजरात, लक्षद्वीप और पुडुचेरी के मतदाताओं की संख्या करीब 69 लाख घटी
Feb 20, 2026
नयी दिल्ली: मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया के बाद गुजरात, लक्षद्वीप और पुडुचेरी में मतदाताओं की संख्या में लगभग 69 लाख की कमी आई है। निर्वाचन आयोग द्वारा शुक्रवार को साझा किये गए आंकड़ों में यह जानकारी सामने आई है। गुजरात, लक्षद्वीप और पुडुचेरी ने हाल ही में एसआईआर की प्रक्रिया के बाद अपनी-अपनी अंतिम मतदाता सूचियां प्रकाशित की हैं।
निर्वाचन आयोग के मुताबिक पिछले साल 27 अक्टूबर को एसआईआर प्रक्रिया कराने की की घोषणा से पहले, गुजरात और दोनों केंद्र शासित प्रदेशों में कुल मतदाताओं की संख्या 5.19 करोड़ थी। अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित होने के बाद, उनकी कुल मतदाता संख्या घटकर 4.50 करोड़ रह गई यानी मतदाताओं की संख्या में 68.9 लाख की कमी आई है।
गुजरात में एसआईआर से पहले कुल मतदाताओं की संख्या 5.08 करोड़ थी, जो घटकर 4.40 करोड़ रह गई। इस प्रकार मतदाताओं की संख्या में 68.12 लाख की कमी आई है जो कुल वोटरों का 13.40 प्रतिशत है।
लक्षद्वीप में मतदाता सूची की शुद्धिकरण प्रक्रिया से पहले मतदाताओं की संख्या 57,813 थी। लेकिन अंतिम मतदाता सूची में यह संख्या घटकर 57,607 रह गई। इस प्रकार कुल मतदाताओं की संख्या में 0.36 प्रतिशत यानी 206 मतदाताओं की कमी आई है।
चुनाव वाले केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में एसआईआर शुरू होने से पहले 10.21 लाख मतदाता पंजीकृत थे जबकि अंतिम सूची में यह संख्या घटकर 9.44 लाख रह गई। प्रतिशत के हिसाब से इसमें 7.57 प्रतिशत की कमी आई है।
एसआईआर की प्रक्रिया बिहार में पूरी हो चुकी है। लेकिन 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में यह प्रक्रिया जारी है जहां पर कुल करीब 60 करोड़ मतदाता हैं। असम में एसआईआर के बजाय मतदाता सूची का विशेष पुनरीक्षण कराया गया और यह प्रक्रिया 10 फरवरी को पूरी हुई।
विभिन्न कारणों से, नौ राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों में एसआईआर प्रक्रिया की समयसीमा में बदलाव किये गए।