पंजाब यूनिवर्सिटी में अत्याधुनिक पेसर लैब और साइबर सिक्योरिटी स्किल लैब का उद्घाटन
Jan 21, 2026 4:49 AM
चंडीगढ़: पंजाब यूनिवर्सिटी में मंगलवार को नवाचार, कौशल विकास और उद्यमिता को नई दिशा देते हुए अत्याधुनिक पेसर लैब (पीसीबी डिजाइन एंड फैब्रिकेशन लैब) तथा साइबर सिक्योरिटी स्किल लैब का उद्घाटन किया गया। ये दोनों प्रयोगशालाएं यूनिवर्सिटी के सेंटर फॉर स्किल डेवलपमेंट एंड एंटरप्रेन्योरशिप (सीएसडीई) में स्थापित की गई हैं और इन्हें राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान (रूसा) 2.0 के अंतर्गत विकसित किया गया है। खास बात यह है कि इन लैब्स की सुविधाएं केवल पंजाब यूनिवर्सिटी के छात्रों तक सीमित नहीं होंगी, बल्कि देशभर के छात्र इनका लाभ उठा सकेंगे। उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता वाइस चांसलर प्रो. रेनू विग ने की।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि एसपी साइबर क्राइम गीतांजलि खंडेलवाल (आइपीएस) रहीं, जबकि विशिष्ट अतिथि मेहता एस. दामोदरन, संस्थापक निदेशक, एंट्यूपल टेक्नोलॉजीज एवं ट्रेलिसाइन टेक्नोलॉजीज थे। इस अवसर पर रजिस्ट्रार प्रो. वाईपी वर्मा, निदेशक आरडीसी प्रो. मीनाक्षी गोयल, रूसा समन्वयक प्रो. जीआर चौधरी, सीएसडीई की मानद निदेशक प्रो. सुवीरा गिल सहित कई वरिष्ठ शिक्षाविद् उपस्थित रहे। वाइस चांसलर प्रो. रेनू विग ने कहा कि आज की सैद्धांतिक शिक्षा के साथ-साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण अत्यंत आवश्यक है। पेसर लैब छात्रों को पीसीबी डिजाइन और फैब्रिकेशन में प्रत्यक्ष अनुभव प्रदान करेगी, जिससे वे अपने प्रोटोटाइप विकसित कर सकेंगे और स्टार्टअप व उद्यमिता को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने साइबर सुरक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि डिजिटल युग में मजबूत साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों की आवश्यकता लगातार बढ़ रही है।
मुख्य अतिथि गीतांजलि खंडेलवाल ने बढ़ते साइबर अपराधों पर चिंता जताते हुए युवाओं और वरिष्ठ नागरिकों में साइबर जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने फर्जी एपीके फाइलों, नकली नौकरी व वीज़ा ऑफर्स और “डिजिटल अरेस्ट” जैसी घटनाओं को गंभीर बताते हुए साइबर अपराध को आर्थिक युद्ध करार दिया। इस अवसर पर पेसर लैब द्वारा “पीसीबी डिजाइन एंड फैब्रिकेशन फॉर इलेक्ट्रॉनिक हार्डवेयर रियलाइजेशन” विषय पर पांच दिवसीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम (एफडीपी) का भी शुभारंभ किया गया।