चंडीगढ़: चंडीगढ़ नगर निगम के कमिश्नर अमित कुमार का बुधवार को बड़ा और सख्त एक्शन देखने को मिला। दरअसल, वह मनीमाजरा के वार्ड नंबर 3 और 5 में औचक निरीक्षण पर पहुंचे थे। इस दौरान जब उन्होंने शिवालिक गार्डन और आसपास की व्यवस्थाओं का जायजा लिया, तो मौके पर साफ-सफाई और रखरखाव में गंभीर खामियां पाई गईं। लापरवाही को गंभीरता से लेते हुए कमिश्नर ने मौके पर ही हॉर्टिकल्चर विभाग के एसडीओ रोहित गर्ग को सस्पेंड कर दिया।
निरीक्षण के दौरान कमिश्नर अमित कुमार ने पाया कि गार्डन के कई हिस्सों में कूड़े के ढेर लगे हुए थे और नियमित सफाई नहीं की जा रही थी। पार्क की स्थिति देखकर उन्होंने कड़ा रुख अपनाया और मौके पर मौजूद अधिकारियों से जवाब-तलब किया। कमिश्नर ने स्पष्ट कहा कि सार्वजनिक स्थानों में इस तरह की लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
टॉयलेट इंचार्ज नदारद, पहले से दी गई थी निरीक्षण की सूचना
कमिश्नर ने बताया कि जब वह पार्क स्थित सार्वजनिक शौचालय के निरीक्षण के लिए पहुंचे, तो उस समय टॉयलेट इंचार्ज मौके पर मौजूद नहीं था, जबकि निरीक्षण को लेकर पहले ही सूचना दी जा चुकी थी। उन्होंने कहा कि निरीक्षण के समय संबंधित इंचार्ज की मौजूदगी अनिवार्य होती है। लेकिन विभाग ने इसकी भी लापरवाही की।
चालान करने की शक्ति होने के बावजूद नहीं की कार्रवाई
निरीक्षण के दौरान जब एसडीओ से गंदगी को लेकर पूछताछ की गई, तो सामने आया कि उनके पास चालान करने की पूरी शक्ति थी, इसके बावजूद कई दिनों से एक भी चालान नहीं किया गया था, जबकि गार्डन में खुलेआम कूड़े के ढेर लगे हुए थे। इसी गंभीर लापरवाही को आधार बनाते हुए कमिश्नर ने एसडीओ को सस्पेंड करने का आदेश जारी किया।
अधिकारियों को सख्त चेतावनी, लापरवाही नहीं होगी माफ
कमिश्नर अमित कुमार ने मौके पर मौजूद अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों को भी सख्त हिदायत दी। उन्होंने कहा कि नगर निगम के अंतर्गत आने वाली सभी व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखा जाए। यदि भविष्य में इस तरह की लापरवाही सामने आई, तो संबंधित अधिकारी और कर्मचारी जिम्मेदार होंगे और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
शहर के अन्य इलाकों में भी होंगे औचक निरीक्षण
निगम कमिश्नर ने बताया कि अब शहर में लगातार औचक निरीक्षण किए जाएंगे। बीते दिनों उन्होंने धनास क्षेत्र में भी निरीक्षण किया था, जहां व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गईं और टॉयलेट इंचार्ज मौके पर मौजूद था। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में चंडीगढ़ के अन्य इलाकों में भी इसी तरह के औचक निरीक्षण किए जाएंगे। कमिश्नर ने दो टूक कहा कि नगर निगम का उद्देश्य लोगों को स्वच्छ, सुरक्षित और बेहतर नागरिक सुविधाएं देना है। इसके लिए नियमित निगरानी और सख्त कार्रवाई जरूरी है। लापरवाही करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।