Punjab News: फरीदकोट में कर्ज तले दबे दो भाइयों ने ट्रेन के आगे कूदकर दी जान, दोनों किसानों पर 25 लाख का लोन 50 लाख हो गया था
Mar 23, 2026 3:48 PM
फरीदकोट: पंजाब के फरीदकोट जिले में कोटकपूरा के पास गांव ढाब ब्राह्मण वाला के नजदीक सोमवार को कर्ज से परेशान दो सगे किसान भाइयों ने ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। इस दर्दनाक घटना में दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही रेलवे पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए फरीदकोट मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेज दिया। पुलिस ने परिजनों के बयान दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि भारी कर्ज और आर्थिक तंगी के कारण दोनों भाई लंबे समय से मानसिक दबाव में थे।
कर्ज के बोझ ने तोड़ा हौसला
मृतकों की पहचान गांव हरीनौ निवासी जसकरण सिंह (38) और उनके छोटे भाई जसविंदर सिंह उर्फ जोरा सिंह (34) के रूप में हुई है। दोनों छोटे जोत के किसान थे और खेती के सहारे परिवार चला रहे थे। परिवारिक सूत्रों के अनुसार, दोनों भाइयों पर करीब 25 लाख रुपए का कर्ज था, जो समय के साथ बढ़कर लगभग 50 लाख रुपए तक पहुंच गया था। तीन महीने पहले उन्होंने अपनी कुछ जमीन बेचकर कर्ज का हिस्सा चुकाया था, लेकिन फिर भी आर्थिक दबाव कम नहीं हुआ।
ट्रैक्टर की किस्त और फसल खराबी बनी वजह
करीब नौ महीने पहले दोनों भाइयों ने नया ट्रैक्टर खरीदा था। इसकी किस्तें चुकाना उनके लिए मुश्किल हो रहा था और बैंक की ओर से लगातार दबाव बनाया जा रहा था। इसी बीच आलू की फसल खराब हो जाने से उनकी आय पर बड़ा असर पड़ा। फसल नुकसान और बढ़ते कर्ज ने उनकी मानसिक स्थिति को और कमजोर कर दिया, जिससे वे गहरे तनाव में चले गए।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
दोनों भाइयों की शादी गांव टाइफी की सगी बहनों से हुई थी। बड़े भाई की 6 साल की बेटी और छोटे भाई की 4 साल की बेटी है। उनके इस कदम से दोनों परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घर में बुजुर्ग माता-पिता, पत्नियां और छोटी बच्चियां हैं, जिनका सहारा अब छिन गया है। ग्रामीणों के अनुसार, दोनों भाई परिवार के सबसे छोटे थे और मेहनत करके घर चला रहे थे।
भाइयों का अटूट प्रेम
गांव के लोगों के मुताबिक, दोनों भाइयों में गहरा प्रेम था और वे हमेशा साथ मिलकर खेती करते थे। कम जमीन होने के कारण वे ठेके पर जमीन लेकर खेती करते थे। एक ही परिवार में शादी होने के कारण दोनों के बीच तालमेल भी अच्छा था, लेकिन कर्ज का बढ़ता बोझ उन्हें अंदर से तोड़ रहा था।
हाथ पकड़कर ट्रेन के आगे कूदे
घटना के दिन दोनों भाई एक एक्टिवा पर सवार होकर गांव ढाब ब्राह्मण वाला के पास रेलवे ट्रैक पर पहुंचे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, उन्होंने एक-दूसरे का हाथ पकड़कर छिंदवाड़ा एक्सप्रेस के आगे छलांग लगा दी।
कर्ज माफी और मदद की मांग
गांव गुरुद्वारा कमेटी के प्रधान कुलदीप सिंह ने बताया कि दोनों भाइयों का प्रेम मिसाल था, लेकिन कर्ज ने उन्हें यह कदम उठाने पर मजबूर कर दिया। उन्होंने सरकार से मांग की है कि पीड़ित परिवार का कर्ज माफ किया जाए और उन्हें आर्थिक सहायता दी जाए ताकि परिवार को सहारा मिल सके।
पुलिस जांच जारी
जीआरपी चौकी के एएसआई और जांच अधिकारी रजिंदर सिंह बराड़ ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और परिजनों के बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।