सुवेंदु अधिकारी के सहयोगी की हत्या का मामला: सुवेंदु बोले- मैंने ममता को हराया, इसीलिए पीए की हत्या हुई, हत्या में इस्तेमाल बाइक बरामद
May 07, 2026 5:29 PM
कोलकाता: पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले में भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी के निजी सहायक चंद्रनाथ रथ की हत्या ने राज्य की राजनीति में नया तनाव पैदा कर दिया है। बुधवार रात करीब 10:30 बजे मध्यमग्राम के डोलतला इलाके में बाइक सवार हमलावरों ने उनकी स्कॉर्पियो गाड़ी पर ताबड़तोड़ फायरिंग की। गंभीर रूप से घायल रथ को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनके ड्राइवर बुद्धदेब बेरा का इलाज जारी है। पुलिस ने मामले में तीन लोगों को हिरासत में लिया है और जांच कई दिशाओं में आगे बढ़ रही है।
मध्यमग्राम में कैसे हुआ हमला
जांच के अनुसार चंद्रनाथ रथ कोलकाता से अपने घर लौट रहे थे। डोलतला इलाके में एक कार ने उनकी स्कॉर्पियो का रास्ता रोक दिया। इसी दौरान बाइक पर पहुंचे हमलावरों ने 6 से 10 राउंड फायरिंग की। पुलिस का कहना है कि हमलावर बेहद पेशेवर तरीके से वारदात को अंजाम देकर मौके से फरार हो गए। घटनास्थल से मिले सबूतों की फोरेंसिक जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चंद्रनाथ रथ को चार गोलियां लगने की पुष्टि हुई है। दो गोलियां उनके सीने से आर-पार हुईं जबकि एक गोली पेट में लगी। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक हमले का तरीका यह संकेत देता है कि शूटर पहले से तैयारी करके आए थे। आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है।
फर्जी नंबर प्लेट और बरामद बाइक से जांच तेज
पुलिस ने गुरुवार दोपहर एयरपोर्ट क्षेत्र के गेट नंबर-2 के पास कूड़े के ढेर से एक बाइक बरामद की। शुरुआती जांच में सामने आया कि उसी बाइक का इस्तेमाल हमलावरों ने किया था। बाइक पर लगी नंबर प्लेट नकली थी और इंजन व चेसिस नंबर के साथ भी छेड़छाड़ की गई थी। जांच एजेंसियां अब बाइक के असली मालिक तक पहुंचने की कोशिश कर रही हैं। फोरेंसिक टीम को घटनास्थल से मिले कारतूसों के आधार पर शक है कि हमलावरों ने ग्लॉक 47X जैसी आधुनिक पिस्टल का इस्तेमाल किया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऐसे हथियार आमतौर पर प्रशिक्षित अपराधियों द्वारा इस्तेमाल किए जाते हैं। इसी वजह से जांच में पेशेवर शूटर्स की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है।
सुवेंदु अधिकारी और परिवार ने लगाए आरोप
भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी ने इस हत्या को “पूर्व नियोजित” बताया है। उन्होंने दावा किया कि चंद्रनाथ रथ की कई दिनों तक रेकी की गई थी। हालांकि पुलिस ने अभी तक राजनीतिक साजिश की पुष्टि नहीं की है। अधिकारी ने पार्टी कार्यकर्ताओं से शांति बनाए रखने की अपील भी की। चंद्रनाथ रथ की मां ने भी बेटे की हत्या को राजनीतिक बदले से जोड़ते हुए आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि परिवार को पहले धमकियां मिली थीं। दूसरी ओर राज्य पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है और किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले तकनीकी और फोरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार किया जाएगा।
सात किलोमीटर तक पीछा करने की आशंका
जांच टीम को शुरुआती जानकारी मिली है कि हमलावरों ने चंद्रनाथ रथ की गाड़ी का करीब सात किलोमीटर तक पीछा किया था। पुलिस ने वाहन निर्माता कंपनी के इंजीनियरों को भी जांच में शामिल किया है ताकि हमले के दौरान इस्तेमाल वाहनों और तकनीकी सबूतों का विश्लेषण किया जा सके। अधिकारियों को उम्मीद है कि वाहन के पुर्जों और डिजिटल ट्रैकिंग से आरोपियों तक पहुंचने में मदद मिलेगी। घटना के बाद उत्तर 24 परगना और कोलकाता के कई इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। भाजपा और तृणमूल कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है, लेकिन पुलिस फिलहाल हत्या के आपराधिक और राजनीतिक दोनों पहलुओं की जांच कर रही है। राज्य में चुनावी नतीजों के बाद बढ़े तनाव के बीच इस घटना ने कानून-व्यवस्था पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं।