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गुरुग्राम के 19 गांवों के तालाबों का होगा जीर्णोद्धार, जल संरक्षण के साथ गांवों में बढ़ेगी हरियाली

Mar 09, 2026 11:08 AM

गुरुग्राम। गुरुग्राम जिले के गांवों में जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए नगर निगम ने तालाबों के जीर्णोद्धार का काम तेज कर दिया है। शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों में चिन्हित किए गए 74 तालाबों में से 55 का पुनर्निर्माण पहले ही पूरा हो चुका है। अब बाकी 19 तालाबों को भी नए स्वरूप में विकसित करने की तैयारी चल रही है। नगर निगम अधिकारियों के मुताबिक इन तालाबों की सफाई, गाद निकालने और जल संचयन की व्यवस्था मजबूत करने पर जोर दिया जाएगा ताकि गांवों में पानी का स्तर बनाए रखा जा सके।

गुरुग्राम के धनवापुर, बजघेड़ा, धनकोट और कादीपुर जैसे गांवों में यह योजना सीधे ग्रामीणों को फायदा पहुंचाएगी। लंबे समय से उपेक्षित पड़े तालाब साफ होने के बाद न सिर्फ जल संरक्षण में मदद करेंगे बल्कि आसपास के इलाकों की सुंदरता भी बढ़ेगी।

तालाबों की सफाई और गाद निकालने से शुरू होगा काम

नगर निगम के अधिकारियों के अनुसार जीर्णोद्धार कार्य की शुरुआत तालाबों की सफाई से होगी। सबसे पहले तालाबों में जमा गाद को निकाला जाएगा और उसके बाद उनमें साफ पानी भरा जाएगा।

इसके साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि गांवों का गंदा पानी या सीवर का पानी तालाबों में न पहुंचे। इसके लिए अलग से व्यवस्था की जाएगी ताकि तालाब लंबे समय तक साफ और उपयोगी बने रहें।

तालाबों के आसपास बनेगा फुटपाथ ट्रैक और हरियाली

योजना के तहत तालाबों के आसपास घूमने के लिए फुटपाथ ट्रैक बनाए जाएंगे। इससे गांव के लोगों को सुबह-शाम टहलने के लिए एक बेहतर सार्वजनिक स्थान मिलेगा। नगर निगम इन क्षेत्रों में पेड़-पौधे भी लगाएगा। इससे तालाबों के आसपास हरियाली बढ़ेगी और ग्रामीण इलाकों का वातावरण भी बेहतर होगा।

बरसाती नालों से जोड़े जाएंगे तालाब

अधिकारियों का कहना है कि तालाबों को बरसाती नालों से भी जोड़ा जाएगा। इसका मकसद बारिश के पानी को सीधे तालाबों तक पहुंचाना है ताकि वर्षा जल का संचयन हो सके। इस व्यवस्था से मानसून के दौरान जमा हुआ पानी पूरे साल तालाबों में बना रह सकेगा। इससे भूजल स्तर बनाए रखने में भी मदद मिलेगी और आसपास के किसानों को अप्रत्यक्ष लाभ मिल सकता है।

इन गांवों में चल रहा है काम

नगर निगम के जेई अखलाक के अनुसार धनवापुर, बजघेड़ा, धनकोट, कादीपुर, मैदावास और सराय अलावर्दी गांवों में जीर्णोद्धार का काम तेज गति से चल रहा है।

इसके अलावा उल्लावास और भोंडसी गांव के तालाबों की सफाई, फुटपाथ ट्रैक की मरम्मत और हरियाली बढ़ाने के लिए एस्टीमेट को मंजूरी दी जा चुकी है। टेंडर प्रक्रिया के जरिए एजेंसियों को काम सौंपा जाएगा और सभी कार्य पूरे होने के बाद ये तालाब नए स्वरूप में नजर आएंगे।

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