जेपी के निशाने पर चौटाला परिवार: "बीजेपी और इनेलो एक ही सिक्के के दो पहलू", जनता को कर रहे गुमराह
Apr 19, 2026 1:56 PM
हांसी। सांसद जयप्रकाश ने अनाज मंडियों की हालत पर गहरी चिंता जताते हुए कहा कि आज का किसान पोर्टल और नमी के पेच में फंसकर रह गया है। उन्होंने सरकार के अंतर्विरोधों को उजागर करते हुए कहा, "एक तरफ बीजेपी के मंत्री दावा करते हैं कि बारिश से गेहूं का वजन बढ़ता है, वहीं दूसरी तरफ मंडियों में नमी की सीमा इतनी सख्त कर दी गई है कि किसानों की फसल को औने-पौने दाम पर बेचने को मजबूर किया जा रहा है।" जेपी ने आरोप लगाया कि ऑनलाइन सिस्टम की विफलता के कारण भुगतान में देरी हो रही है, जिससे किसान अगली फसल की तैयारी के लिए कर्ज लेने पर मजबूर है।
'चौटाला परिवार और बीजेपी एक ही टीम'
इनेलो नेताओं द्वारा मंडियों के दौरों और सरकार के खिलाफ बयानबाजी पर जयप्रकाश ने तीखा तंज कसा। उन्होंने कहा कि बीजेपी और इनेलो की राजनीति में कोई बुनियादी अंतर नहीं बचा है। जेपी के अनुसार, "दोनों दल एक ही स्क्रिप्ट पर काम कर रहे हैं ताकि जनता का ध्यान असल मुद्दों से भटकाया जा सके।" उन्होंने इनेलो नेताओं की भाषा शैली पर भी सवाल उठाए और कहा कि मर्यादित राजनीति का स्तर लगातार गिर रहा है।
कॉलोनाइजरों की सरकार और महिला आरक्षण
हांसी के स्थानीय मुद्दों पर बोलते हुए सांसद ने विधायक विनोद भयाना को भी निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अवैध कॉलोनियों का जिस तरह से जाल फैल रहा है, उससे लगता है कि सरकार को आम आदमी की नहीं बल्कि भू-माफियाओं की चिंता है। उन्होंने दोटूक कहा कि राजनीति जनसेवा के लिए होती है, प्रॉपर्टी डीलिंग के लिए नहीं।
वहीं, केंद्र सरकार के बहुचर्चित महिला आरक्षण बिल को लेकर उन्होंने कहा कि 2023 में पास हुआ बिल अब तक ठंडे बस्ते में क्यों है? उनके मुताबिक, परिसीमन और जनगणना का बहाना बनाकर इसे टालना महिलाओं के साथ धोखा है।
वायरल वीडियो और 'ठगी' की राजनीति
हिसार में जेजेपी से जुड़े हालिया विवादों और वायरल वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए सांसद ने संक्षिप्त लेकिन गंभीर टिप्पणी की। उन्होंने कहा, "जैसी करनी, वैसी भरनी; राजनीति में आपके कर्म ही आपका भविष्य तय करते हैं।" उन्होंने बीजेपी नेताओं को 'ठग' की संज्ञा देते हुए जनता को आगाह किया कि वोट की ठगी सबसे महंगी पड़ती है।