HSSC Female Constable PMT: हरियाणा महिला कांस्टेबल भर्ती की शॉर्टलिस्ट जारी, 8 जून से शुरू होगा फिजिकल टेस्ट
Jun 03, 2026 1:02 PM
हरियाणा। हरियाणा में खाकी वर्दी पहनने का ख्वाब देख रही बेटियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण खबर है। हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (HSSC) ने महिला पुलिस कांस्टेबल भर्ती प्रक्रिया को रफ्तार देते हुए फिजिकल मेजरमेंट टेस्ट (PMT) के लिए योग्य उम्मीदवारों की शॉर्टलिस्ट जारी कर दी है। इस बार आयोग ने कुल पदों के मुकाबले 25 गुना अभ्यर्थियों को अगले चरण के लिए आमंत्रित किया है। इसके साथ ही परीक्षा का विस्तृत कार्यक्रम भी आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड कर दिया गया है। यह पूरा शारीरिक परीक्षण 8 जून से शुरू होकर 13 जून 2026 तक चलेगा, जिसके लिए प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
समय के पाबंद रहें अभ्यर्थी, "नो एंट्री" के बाद बंद हो जाएंगे परीक्षा केंद्र के दरवाजे
आयोग ने इस बार नियमों को लेकर बेहद कड़ा रुख अख्तियार किया है। जारी गाइडलाइंस के मुताबिक, सभी महिला अभ्यर्थियों को उनके एडमिट कार्ड पर दर्ज निर्धारित समय से काफी पहले परीक्षा केंद्र पर रिपोर्ट करना होगा। प्रत्येक शिफ्ट के शुरू होने से पहले एक निश्चित "नो एंट्री" का समय तय किया गया है, जिसके सुई पार करते ही केंद्र के मुख्य द्वार को पूरी तरह लॉक कर दिया जाएगा। आयोग ने साफ लफ्जों में चेतावनी दी है कि समय बीतने के बाद किसी भी सूरत में या किसी भी पैरवी के आधार पर उम्मीदवार को अंदर घुसने की इजाजत नहीं दी जाएगी।
सामान्य वर्ग के लिए 158 सेमी ऊंचाई अनिवार्य, जानिए बाकी वर्गों के लिए क्या हैं नियम
इस भर्ती में शामिल होने के लिए शारीरिक योग्यता के पैमाने पहले से तय हैं। नियमों के अनुसार, सामान्य वर्ग (General Category) की महिला उम्मीदवारों के लिए न्यूनतम लंबाई 158 सेंटीमीटर होना अनिवार्य है। वहीं, आरक्षित श्रेणियों जैसे अनुसूचित जाति (SC), पिछड़ा वर्ग (BC) और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) की महिला अभ्यर्थियों को लंबाई में थोड़ी छूट देते हुए न्यूनतम सीमा 156 सेंटीमीटर रखी गई है। गौरतलब है कि महिला पुलिस भर्ती में सीने की माप का कोई नियम नहीं होता है, लेकिन उम्मीदवार का वजन उसकी लंबाई और बॉडी मास इंडेक्स (BMI) के अनुपात में पूरी तरह संतुलित होना चाहिए।
नहीं चलेगी कोई धांधली: बारकोड स्कैनिंग और डिजिटल स्क्रीन से होगी नापजोख
भर्तियों में पारदर्शिता को लेकर अक्सर उठने वाले सवालों को देखते हुए इस बार HSSC ने पूरी प्रक्रिया को हाईटेक और फुलप्रूफ बना दिया है। शारीरिक माप का काम किसी फीते या पारंपरिक पैमाने से नहीं, बल्कि पूरी तरह कंप्यूटराइज्ड मशीनों के जरिए होगा। जैसे ही कोई अभ्यर्थी मशीन पर खड़ी होगी, उसकी सटीक ऊंचाई तुरंत डिजिटल स्क्रीन पर फ्लैश हो जाएगी, जिससे क्लर्क या अधिकारी अपनी मर्जी से आंकड़ों में हेरफेर नहीं कर पाएंगे। इसके अलावा, फर्जीवाड़े और मुन्नाभाइयों को रोकने के लिए ऑन-साइट बायोमेट्रिक हाजिरी, बारकोड स्कैनिंग और हर एक गतिविधि की लाइव वीडियोग्राफी कराई जाएगी।