Jhajjar News: 'खून का बदला खून', धमकी के ठीक बाद घर में घुसकर की युवक की बेरहमी से हत्या
Jun 03, 2026 11:48 AM
झज्जर। झज्जर जिले का डीघल गांव एक बार फिर गोलियों की तड़तड़ाहट से दहल उठा है। दो महीने पहले हुए साहिल उर्फ सोनू हत्याकांड की सुलगती आग ने अब एक और घर का चिराग बुझा दिया है। देर रात घात लगाकर आए हमलावरों ने गांव के ही जितेंद्र नाम के शख्स की उसके घर में घुसकर ताबड़तोड़ फायरिंग कर हत्या कर दी। वारदात के वक्त जितेंद्र अपने कमरे में सो रहा था और उसे संभलने तक का मौका नहीं मिला। पैरों से दिव्यांग जितेंद्र की मौके पर ही मौत हो गई। इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद पूरे गांव में सन्नाटा पसरा है और भारी तनाव को देखते हुए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
ताश के खेल से शुरू हुई थी दुश्मनी, जेल में बंद आरोपी के परिवार को बनाया निशाना
इस पूरे खूनी खेल की स्क्रिप्ट बीती 8 अप्रैल को लिखी गई थी, जब गांव की एक चौपाल पर ताश खेलने के दौरान विवाद हुआ और स्कॉर्पियो सवार बदमाशों ने साहिल उर्फ सोनू को सरेआम गोलियों से भून डाला था। उस वारदात ने पूरे झज्जर को हिलाकर रख दिया था। साहिल मर्डर केस का मुख्य आरोपी योगेश उर्फ योगी फिलहाल सलाखों के पीछे है। ग्रामीणों के मुताबिक, साहिल के परिवार में इस हत्या को लेकर गहरा आक्रोश था। आरोप है कि इसी का बदला लेने के लिए साहिल के चचेरे भाई अमन उर्फ बंटी ने अपने साथियों के साथ मिलकर सीधे योगेश के चाचा जितेंद्र को निशाना बनाया, ताकि विरोधी गुट को सबसे गहरा जख्म दिया जा सके।
भाई का आरोप- 'बंटी ने पहले ही दी थी जान से मारने की धमकी, पुलिस ने नहीं सुनी'
मृतक जितेंद्र के भाई सोमबीर ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बेहद चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। सोमबीर के मुताबिक, साहिल की मौत के बाद से ही अमन उर्फ बंटी उनके पूरे परिवार को लगातार जान से मारने और खून का बदला खून से लेने की धमकियां दे रहा था। परिवार को इस बात का अंदेशा था कि उन पर कभी भी जानलेवा हमला हो सकता है और आखिरकार वही हुआ। धमकी के कुछ ही दिनों बाद बंटी ने अपने वादे के मुताबिक जितेंद्र को मौत के घाट उतार दिया। इस घटना ने साफ कर दिया है कि इलाके में कानून का खौफ खत्म हो चुका है और अपराधी सरेआम बदले की भावना से वारदातों को अंजाम दे रहे हैं।
आपसी रंजिश में तबाह हो रहे परिवार, आरोपियों की तलाश में पुलिस की छापेमारी
एक मर्डर का बदला दूसरे मर्डर से चुकाने की इस खूनी परंपरा ने डीघल गांव के भविष्य पर सवालिया निशान लगा दिया है। गांव की गलियों में यही चर्चा है कि आपसी वर्चस्व और दुश्मनी की इस आग में हंसते-खेलते परिवार दर परिवार तबाह हो रहे हैं। इधर, झज्जर पुलिस ने सोमबीर के बयान के आधार पर अमन उर्फ बंटी और उसके अज्ञात साथियों के खिलाफ हत्या की संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस की कई टीमें आरोपियों के संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही सभी हमलावरों को दबोच लिया जाएगा, लेकिन गांव में फैला तनाव फिलहाल कम होने का नाम नहीं ले रहा है।