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मरीज को रांची से दिल्ली ले जा रही एयर एम्बुलेंस के साथ हादसा: 7 लोगों की मौत, पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजे शव

Feb 24, 2026 10:49 AM

रांची: झारखंड के चतरा जिले में सोमवार शाम सिमरिया के पास एक एयर एम्बुलेंस दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिसमें सवार सभी सात लोगों की मौत हो गई। ‘रेडबर्ड एयरवेज प्राइवेट लिमिटेड’ द्वारा संचालित बीचक्राफ्ट सी90 विमान रांची से दिल्ली जा रहा था। अधिकारियों ने मंगलवार को बताया कि दुर्घटना के बाद सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए चतरा स्थित सदर अस्पताल लाया गया है। प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है और नागरिक उड्डयन से जुड़े केंद्रीय एजेंसियां भी सक्रिय हो गई हैं।

सिमरिया के जंगली इलाके में हादसा

दुर्घटना सोमवार शाम सिमरिया के बरियातु पंचायत क्षेत्र के जंगली इलाके में हुई। विमान में दो पायलट समेत कुल सात लोग सवार थे और सभी की मौके पर ही मौत हो गई। एक अधिकारी ने बताया कि बचाव दल ने रात में ही तलाशी अभियान चलाकर शवों को बरामद किया।

घटना की सूचना मिलते ही चतरा जिला प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंची। आसपास के ग्रामीण भी राहत कार्य में जुटे। प्रशासन ने क्षेत्र को घेरकर जांच एजेंसियों के लिए सुरक्षित किया।

उड़ान के 20 मिनट बाद टूटा संपर्क

अधिकारियों के अनुसार विमान ने रांची हवाई अड्डे से शाम सात बजकर 11 मिनट पर उड़ान भरी थी। करीब साढ़े सात बजे वह लापता हो गया और उड़ान भरने के लगभग 20 मिनट बाद वायु यातायात नियंत्रण विभाग से उसका संपर्क टूट गया। 

रांची हवाई अड्डे के निदेशक विनोद कुमार ने कहा कि खराब मौसम दुर्घटना का एक संभावित कारण हो सकता है। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि सटीक कारण विस्तृत जांच के बाद ही सामने आएगा।

मृतकों की पहचान और शोक का माहौल

दुर्घटना में जान गंवाने वालों की पहचान कैप्टन विवेक विकास भगत, कैप्टन सवराजदीप सिंह, संजय कुमार, डॉ. विकास कुमार गुप्ता, सचिन कुमार मिश्रा, अर्चना देवी और धुरु कुमार के रूप में हुई है। हादसे के बाद चतरा जिले में शोक का माहौल है। परिजन और करीबी गहरे सदमे में हैं। कई परिवारों के लिए यह दुर्घटना अपूरणीय क्षति बनकर सामने आई है।

हादसे पर परिवारों के सवाल

डॉ. विकास कुमार गुप्ता के पिता बजरंगी प्रसाद ने बताया कि उन्होंने बेटे को डॉक्टर बनाने के लिए अपनी सारी जमीन बेच दी थी। डॉ. गुप्ता की तैनाती रांची के सदर अस्पताल में थी और उनका सात साल का बेटा है। उन्होंने कटक, ओडिशा से एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी की थी।

संजय कुमार (41) के परिजनों ने स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे पर सवाल उठाए। एक रिश्तेदार ने कहा कि अगर रांची में उचित इलाज मिल जाता तो यह स्थिति नहीं आती और इस हादसे में उन्होंने संजय और अपनी बहन अर्चना देवी दोनों को खो दिया।

डीजीसीए और एएआईबी की जांच

चतरा की उपायुक्त कीर्तिश्री जी ने बताया कि दुर्घटनास्थल से सभी सात शवों को बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा गया है। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने बयान जारी कर कहा कि बीचक्राफ्ट सी90 विमान (वीटी-एजेवी) रांची-दिल्ली मार्ग पर मरीजों को ले जा रहा था।

बयान के अनुसार विमान ने सात बजकर 11 मिनट पर उड़ान भरी और सात बजकर 34 मिनट पर कोलकाता से संपर्क स्थापित करने के बाद उसका संचार और रडार संपर्क टूट गया। वायुयान दुर्घटना अन्वेषण ब्यूरो (एएआईबी) की टीम को घटनास्थल पर भेजा गया है और विस्तृत जांच जारी है।

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