कैथल की नई कॉलोनियों में जल क्रांति: 22 करोड़ की योजना से सुधरेगा सप्लाई नेटवर्क, जानें अपनी कॉलोनी का नाम
May 05, 2026 12:37 PM
कैथल। कैथल शहर के विस्तार के साथ विकसित हुई नई और अप्रूव्ड कॉलोनियों के बाशिंदों के लिए राहत भरी खबर है। पिछले लंबे समय से पेयजल किल्लत और टैंकरों के भरोसे गुजारा कर रहे हजारों परिवारों को अब जल्द ही स्वच्छ और नियमित पानी की सप्लाई मिलने जा रही है। जनस्वास्थ्य विभाग ने शहर की जलापूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए 22 करोड़ रुपये का एक मेगा प्लान तैयार किया है, जिसे अमलीजामा पहनाने की तैयारी तेज हो गई है।
पाइपलाइनों का नया नेटवर्क: टैंकर माफिया से मिलेगी मुक्ति
कैथल के बाहरी हिस्सों में बसी नई कॉलोनियों में बुनियादी ढांचे की कमी एक बड़ी समस्या रही है। कई इलाकों में या तो पाइपलाइन ही नहीं थी या फिर जो थी, वह पुरानी और जर्जर हो चुकी थी। इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए सरकार ने भारी-भरकम बजट आवंटित किया है। योजना के तहत न केवल मीलों लंबी नई पाइपलाइन बिछाई जाएगी, बल्कि पुराने नेटवर्क को भी अपडेट किया जाएगा।
विभागीय सूत्रों के अनुसार, इस प्रोजेक्ट के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और जल्द ही धरातल पर काम नजर आने लगेगा। इसके पूरा होने के बाद उन कॉलोनियों को सबसे ज्यादा फायदा होगा, जहां लोग अब तक पानी के निजी टैंकरों पर निर्भर थे।
इन कॉलोनियों की बदलेगी सूरत :
योजना के दायरे में शहर के लगभग सभी प्रमुख एक्सटेंशन एरिया को शामिल किया गया है। प्रमुख रूप से:
अमृत सरिया डेरा, शुगर मिल कॉलोनी (पार्ट 2 व 3), रणधीर कॉलोनी फेज-1 और डिफेंस कॉलोनी एक्सटेंशन-2।
शहीद भगत सिंह कॉलोनी (एक्सटेंशन फेज 2), अर्जुन नगर एक्सटेंशन-1, ऑक्सफोर्ड स्कूल कॉलोनी और ओशो पुरम विस्तार।
जनकपुरी एक्सटेंशन (1 व 3), मायापुरी एक्सटेंशन, हेरिटेज स्कूल के पास की कॉलोनी और जीवन राइज के पीछे स्थित आबादी।
देवीगढ़ से सटी कॉलोनियां, राधा स्वामी सत्संग भवन के पास का इलाका, कपिल नगर, मॉडल टाउन (बेनाम कॉलोनी), सीता नगर, अनाज मंडी कॉलोनी और ऋषि नगर।
साफ पानी—हक भी और जरूरत भी
जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शहर का विस्तार तेजी से हुआ है, लेकिन उस अनुपात में पेयजल लाइनें नहीं बिछाई गई थीं। 22 करोड़ रुपये की इस योजना से न केवल पानी का प्रेशर बढ़ेगा, बल्कि दूषित पेयजल की शिकायतों से भी निजात मिलेगी।
इलाका निवासियों ने सरकार के इस कदम का स्वागत किया है। रणधीर कॉलोनी के निवासी सुरेश कुमार ने बताया, "गर्मियों में हालत बदतर हो जाती है। घंटों इंतजार के बाद भी नल से पानी नहीं आता। अगर पाइपलाइन का काम समय पर पूरा हो जाता है, तो यह कैथल के विकास में एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगा।"
फिलहाल, विभाग की कोशिश है कि मानसून से पहले मुख्य पाइपलाइन बिछाने का काम शुरू कर दिया जाए ताकि खुदाई के कारण लोगों को अधिक परेशानी न हो।