कुरुक्षेत्र की जिंदल सिटी में महिला लेक्चरर पर कुत्तों का जानलेवा हमला, चेहरे और गर्दन को नोचने की कोशिश
May 16, 2026 4:37 PM
कुरुक्षेत्र। कुरुक्षेत्र की वीआईपी कॉलोनियों में शुमार जिंदल सिटी में शुक्रवार की सुबह एक बेहद डरावनी वारदात सामने आई। आईटीबीपी (ITBP) के पूर्व अधिकारी सुभाष भारद्वाज की पत्नी और सीनियर सेकेंडरी स्कूल रत्नडेरा में कार्यरत लेक्चरर डॉ. मिंटो भारद्वाज रोज की तरह मॉर्निंग वॉक के लिए निकली थीं। अभी वह अपने घर से कुछ ही दूरी पर पहुंची थीं कि अचानक 5-6 आक्रामक कुत्तों के झुंड ने उन्हें चारों तरफ से घेर लिया। इससे पहले कि वह शोर मचातीं या पीछे हटतीं, कुत्तों ने उन पर ताबड़तोड़ हमला बोल दिया।
'जबड़ा मेरे चेहरे के पास था'— वीडियो में देखी ट्रिक ने बचाई जान
अस्पताल में पट्टियां बंधवाने के बाद डॉ. मिंटो भारद्वाज ने उस खौफनाक मंजर को बयां किया। उन्होंने बताया, "कुत्ते मुझे पैरों और हाथों पर कई जगह काट चुके थे। इसके बाद दो बड़े कुत्ते सीधे मेरी गर्दन और चेहरे की तरफ झपटे। एक वक्त तो कुत्ते का खुला हुआ खूंखार जबड़ा मेरी आंख के बिल्कुल सामने था।" डॉ. मिंटो ने बताया कि वह अक्सर इंटरनेट पर कुत्तों के हमले से बचने के वीडियो देखती थीं। उस दौरान सीखी गई 'ट्रिक' (बिना डरे खुद को सिकोड़ना और चेहरे को हाथों से कवर करना) को उन्होंने तुरंत आजमाया, जिससे कुत्ते उनकी गर्दन को लॉक नहीं कर पाए। करीब 20 सेकंड के खूनी संघर्ष के बाद कुत्ते अचानक पीछे हट गए।
कुत्तों को पकड़ने पर आपस में भिड़े कॉलोनी वाले, बुलानी पड़ी पुलिस
इस वारदात के बाद जिंदल सिटी के निवासियों का गुस्सा भड़क गया और उन्होंने नगर परिषद की डॉग कैचर टीम को मौके पर बुलवाया। लेकिन जैसे ही कर्मचारियों ने पिंजरा निकाला, कॉलोनी के ही कुछ तथाकथित 'डॉग लवर्स' सामने आ गए और उन्होंने नगर परिषद की गाड़ी के आगे खड़े होकर हंगामा शुरू कर दिया। विवाद इतना बढ़ा कि डॉग कैचर टीम ने अपनी सुरक्षा का हवाला देकर काम बंद कर दिया, जिसके बाद मौके पर पुलिस बुलानी पड़ी। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पिछले डेढ़ महीने में ये कुत्ते कई बच्चों, बुजुर्गों और कामगार महिलाओं को काट चुके हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए आरडब्ल्यूए (RWA) ने अब सीधे सीएम विंडो पर शिकायत भेजकर इन खूंखार कुत्तों को रिहाइशी इलाके से हटाने की मांग की है।