पानीपत में चाय बनाते समय फटा सिलेंडर, बुजुर्ग की जिंदा जलकर मौत
Apr 16, 2026 1:01 PM
पानीपत। औद्योगिक नगरी पानीपत के तहसील कैंप इलाके में गुरुवार को एक सिलेंडर ब्लास्ट ने पूरे मोहल्ले को दहला दिया। राम नगर की तंग गलियों में स्थित एक कमरे में अचानक हुए जोरदार धमाके के साथ आग की लपटें उठने लगीं। इस हादसे में 60 साल के एक बुजुर्ग सोमपाल की जिंदा जलने से दर्दनाक मौत हो गई, जबकि उनका साथी गंभीर रूप से झुलस गया है। हादसा उस वक्त हुआ जब कमरे में चाय बनाने की तैयारी चल रही थी, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि जलता हुआ लाइटर मौत का पैगाम लेकर आएगा।
चाय बनाने के लिए जलाई आग और हो गया 'ब्लास्ट'
जानकारी के मुताबिक, राम नगर में नसीम नाम के व्यक्ति ने एक कमरा किराए पर लिया हुआ था। वह और उसका साथी सोमपाल दोनों कबाड़ी का काम करते थे। शाम के वक्त नसीम अपने साथी सोमपाल को चाय पिलाने के लिए कमरे पर लाया था। जैसे ही चाय बनाने के लिए चूल्हे की तरफ माचिस या लाइटर जलाया गया, कमरे में पहले से जमा गैस ने आग पकड़ ली और पलक झपकते ही सिलेंडर बम की तरह फट गया। धमाका इतना भीषण था कि कमरे की छत और दीवारों को भी नुकसान पहुंचा है।
कंकाल बन गया शरीर, मोहल्ले में मची चीख-पुकार
सिलेंडर फटने के बाद कमरे में लगी आग ने सोमपाल को संभलने का मौका तक नहीं दिया। आग की लपटों के बीच घिरे सोमपाल की मौके पर ही तड़प-तड़प कर मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों की मानें तो आग बुझने के बाद जब अंदर देखा गया तो मंजर बेहद भयावह था। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और बड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक सब कुछ राख हो चुका था। घायल नसीम को आनन-फानन में अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है।
गैस रिसाव बना हादसे की वजह
शुरुआती जांच में पुलिस और दमकल विभाग का मानना है कि सिलेंडर के रेगुलेटर या पाइप से काफी समय से गैस का रिसाव हो रहा था। कमरा बंद होने के कारण अंदर गैस का दबाव बन गया था और जैसे ही आग जलाई गई, उसने धमाके का रूप ले लिया। पुलिस ने मृतक सोमपाल के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल भिजवा दिया है। इस घटना ने एक बार फिर गैस उपकरणों के इस्तेमाल में बढ़ती जा रही लापरवाही और सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।