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Faridkot News: फरीदकोट में हीट वेव से बचाव के लिए सिविल सर्जन ने जारी की एडवाइजरी, अस्पतालों में पुख्ता इंतजाम

May 19, 2026 5:17 PM

फरीदकोट: पंजाब के फरीदकोट जिले में लगातार बढ़ रही गर्मी और हीट वेव के खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को जागरूक करने के लिए विशेष अभियान शुरू किया है। सिविल सर्जन कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सिविल सर्जन डॉ. रमनदीप सिंगला ने हीट वेव से बचाव संबंधी एडवाइजरी और अवेयरनेस पोस्टर जारी किया। इस मौके पर असिस्टेंट सिविल सर्जन डॉ. परवजीत सिंह गुलाटी समेत विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे तेज धूप और गर्म हवाओं के दौरान अतिरिक्त सावधानी बरतें।

40 डिग्री से ऊपर तापमान होने पर बढ़ता खतरा

डॉ. रमनदीप सिंगला ने बताया कि मैदानी इलाकों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक पहुंचने पर हीट वेव की स्थिति बन जाती है। उन्होंने कहा कि अत्यधिक गर्मी के कारण शरीर का तापमान नियंत्रित करने वाला तंत्र प्रभावित हो जाता है, जिससे व्यक्ति हीट स्ट्रोक का शिकार हो सकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि हीट स्ट्रोक समय पर इलाज न मिलने पर जानलेवा भी साबित हो सकता है। लगातार धूप में रहने और शरीर में पानी की कमी होने से यह खतरा और बढ़ जाता है। विभाग ने लोगों को गर्मी के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी है।

इन लोगों को ज्यादा खतरा

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार नवजात बच्चे, गर्भवती महिलाएं, 65 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्ग, मजदूर और पुरानी बीमारियों से पीड़ित लोग हीट वेव के दौरान सबसे ज्यादा जोखिम में रहते हैं। डॉक्टरों ने कहा कि इन लोगों को गर्मी में विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। डॉ. सिंगला ने बताया कि मिर्गी, दिल, किडनी और लिवर की बीमारी से पीड़ित मरीजों को पानी की मात्रा बढ़ाने से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। किसी भी तरह की कमजोरी, चक्कर या तेज बुखार जैसे लक्षण दिखने पर तुरंत चिकित्सकीय सहायता लेने को कहा गया है।

पानी और खान-पान पर विशेष ध्यान देने की सलाह

स्वास्थ्य विभाग ने एडवाइजरी में लोगों को नियमित रूप से पानी पीने की सलाह दी है। विभाग ने कहा कि प्यास न लगने पर भी हर आधे घंटे में पानी पीते रहना चाहिए और बाहर जाते समय पानी की बोतल साथ रखनी चाहिए। इसके साथ ही तरबूज, खीरा, संतरा जैसे मौसमी फलों का सेवन करने की सलाह दी गई है। डॉक्टरों का कहना है कि ये फल शरीर में पानी की कमी नहीं होने देते और गर्मी से राहत पहुंचाते हैं।

पहनावे और दिनचर्या को लेकर निर्देश

स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को हल्के रंग के और पूरी बाजू वाले सूती कपड़े पहनने की सलाह दी है। सिर को छाते, टोपी या दुपट्टे से ढकने और नंगे पैर बाहर न निकलने को कहा गया है। विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे दोपहर के समय तेज धूप में सीधे काम करने से बचें। जरूरी काम सुबह या शाम के ठंडे समय में करने की सलाह दी गई है ताकि लू के असर से बचा जा सके।

सरकारी अस्पतालों में विशेष व्यवस्था

सिविल सर्जन डॉ. रमनदीप सिंगला ने कहा कि जिले के सभी सरकारी अस्पतालों में हीट स्ट्रोक मरीजों के इलाज के लिए पर्याप्त व्यवस्था की गई है। अस्पतालों में जरूरी दवाइयां और मेडिकल सुविधाएं उपलब्ध रखी गई हैं। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की मास मीडिया टीम और फील्ड स्टाफ लगातार गांवों और शहरों में जाकर लोगों को जागरूक कर रहे हैं। विभाग का उद्देश्य लोगों को समय रहते सतर्क करना और गर्मी से होने वाली बीमारियों से सुरक्षित रखना है।

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