Search

Punjab News: मनीष सिसोदिया ने केंद्र सरकार पर लगाए बड़े आरोप: बोले- SIR से चुनावी धांधली करवाना चाहती है भाजपा

May 19, 2026 5:02 PM

चंडीगढ़: पंजाब में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। लुधियाना के गुरु नानक भवन में मंगलवार को आम आदमी पार्टी की राज्य कार्यकारिणी की अहम संगठनात्मक बैठक आयोजित हुई। बैठक में शामिल होने पहुंचे पार्टी के वरिष्ठ नेता और दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने मीडिया से बातचीत के दौरान केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन यानी SIR को लेकर चुनावी धांधली की आशंका जताई और कहा कि आम आदमी पार्टी पंजाब के लोगों का वोटिंग अधिकार छिनने नहीं देगी।

वोटर लिस्ट को लेकर केंद्र सरकार पर हमला

मनीष सिसोदिया ने कहा कि SIR प्रक्रिया को लेकर आम आदमी पार्टी पूरी तरह सतर्क है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार पहले ईडी और सीबीआई जैसी एजेंसियों के जरिए चुनाव प्रभावित करने की कोशिश करती रही है और अब मतदाता सूची पुनरीक्षण के माध्यम से चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करना चाहती है। उन्होंने कहा कि पहले भी कई राज्यों में फर्जी वोट जोड़ने और लाखों वैध मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से हटाने के आरोप सामने आए हैं। सिसोदिया ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में वोट डालना संवैधानिक अधिकार है और किसी भी नागरिक का यह अधिकार छीना नहीं जाना चाहिए।

बीजेपी को बताया पंजाब विरोधी

मीडिया से बातचीत में सिसोदिया ने बीजेपी पर पंजाब विरोधी राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि बीजेपी का पंजाब की भावनाओं और हितों से कोई लेना-देना नहीं है। जब भी मौका मिलता है, पार्टी पंजाब के खिलाफ फैसले लेने की कोशिश करती है। उन्होंने कहा कि कभी चंडीगढ़ के मुद्दे को उठाया जाता है, कभी भाखड़ा डैम और पंजाब यूनिवर्सिटी को लेकर विवाद खड़े किए जाते हैं। सिसोदिया ने किसानों के कानूनों का जिक्र करते हुए कहा कि पंजाब के लोग पहले भी मजबूती से खड़े रहे हैं और आगे भी अपने अधिकारों की रक्षा करेंगे।

राज्यसभा सांसद संजीव अरोड़ा को लेकर चल रही चर्चाओं पर भी मनीष सिसोदिया ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि संजीव अरोड़ा एक मजबूत और ईमानदार नेता हैं, जो किसी दबाव में झुकने वाले नहीं हैं। सिसोदिया ने कहा कि किसी भी व्यक्ति के लिए परिवार से जुड़ी परिस्थितियों में भावुक होना स्वाभाविक है, लेकिन इसका मतलब कमजोरी नहीं होता। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ईमानदार लोगों को डराने की कोशिश करती है, लेकिन हर व्यक्ति दबाव में नहीं आता।

संगठन मजबूत करने पर AAP का फोकस

लुधियाना में हुई बैठक को 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारी के रूप में भी देखा जा रहा है। पार्टी नेताओं ने संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों पर नजर रखने को लेकर चर्चा की। AAP नेताओं का मानना है कि पंजाब में SIR प्रक्रिया चुनावी दृष्टि से बेहद अहम होगी। पार्टी कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने क्षेत्रों में मतदाता सूची की निगरानी करें और किसी भी गड़बड़ी की जानकारी तुरंत संगठन तक पहुंचाएं। 

पंजाब में अगले विधानसभा चुनाव में सभी राजनीतिक दल अभी से सक्रिय हो गए हैं। आम आदमी पार्टी अपनी सरकार के कामकाज और संगठन दोनों को मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले महीनों में SIR, मतदाता सूची और चुनावी प्रक्रिया को लेकर राज्य में राजनीतिक बयानबाजी और तेज हो सकती है। फिलहाल AAP इस मुद्दे को जनता के बीच प्रमुखता से उठाने की तैयारी में है।

You may also like:

Please Login to comment in the post!