Sonipat News: सोनीपत में मुरथल रोड पर खड़े ट्रक में घुसी तेज रफ्तार कार, पॉलिटेक्निक छात्र की मौत
May 27, 2026 10:35 AM
सोनीपत। सोनीपत के मुरथल रोड पर बीती रात रफ्तार का एक ऐसा कहर टूटा जिसने एक हंसते-खेलते परिवार का चिराग बुझा दिया। बजाज शोरूम के पास सड़क किनारे पिछले कई दिनों से एक खराब ट्रक खड़ा था। देर रात मुरथल की तरफ से आ रही एक तेज रफ्तार कार के चालक ने अचानक नियंत्रण खो दिया और गाड़ी सीधे ट्रक के पिछले हिस्से में जा घुसी। टक्कर की आवाज इतनी जोरदार थी कि आसपास का इलाका दहल उठा। कार का अगला हिस्सा पूरी तरह पिचक गया और उसमें सवार चारों लोग मलबे में तब्दील हो चुकी गाड़ी के भीतर ही फंस गए।
चीख-पुकार के बीच लोगों ने दरवाजे तोड़कर निकाले घायल
हादसे के फौरन बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और चीख-पुकार मच गई। सूचना मिलते ही स्थानीय थाना पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। कार के भीतर फंसे युवकों को निकालने के लिए राहगीरों और आसपास के लोगों ने मोर्चा संभाला। काफी मशक्कत के बाद गाड़ी के शीशे और दरवाजों को लोहे के औजारों से तोड़ा गया और घायलों को बाहर निकाला जा सका। सभी को तुरंत सोनीपत के नागरिक अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उनकी नाजुक हालत को देखते हुए प्राथमिक इलाज के बाद रोहतक पीजीआई (PGI) रेफर कर दिया।
दिन में पढ़ाई और रात में नौकरी कर चला रहा था खर्च
इस दर्दनाक हादसे ने तिहाड़ खुर्द गांव के रहने वाले 19 वर्षीय सुधांशु की मौके पर ही जान ले ली। सुधांशु पॉलिटेक्निक में केमिकल इंजीनियरिंग सेकंड ईयर का छात्र था। वह बेहद होनहार और जिम्मेदार लड़का था, जो दिन में कॉलेज जाता था और रात के वक्त ब्लिंकिट में पार्ट-टाइम डिलीवरी बॉय की नौकरी कर अपने परिवार का हाथ बंटाता था। परिजनों ने बताया कि रात को अपनी ड्यूटी खत्म करने के बाद वह अपने चाचा और दो दोस्तों के साथ मुरथल की तरफ खाना खाने गया था, लेकिन लौटते वक्त यह हादसा हो गया।
परिवार में पसरा मातम, रोहतक PGI में जिंदगी की जंग लड़ रहे तीन लोग
सुधांशु अपने परिवार का छोटा बेटा था। उसके पिता और दादा दोनों का संबंध दिल्ली परिवहन निगम (DTC) से है। इस हादसे में सुधांशु के चाचा प्रदीप, जो राई की एक निजी यूनिवर्सिटी में बस कंडक्टर हैं, और कॉलेज के दो दोस्त बुरी तरह जख्मी हुए हैं। तीनों इस समय रोहतक पीजीआई के आईसीयू में जिंदगी की जंग लड़ रहे हैं। पुलिस ने सुधांशु के शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंपने की प्रक्रिया शुरू कर दी है और घटनास्थल के साक्ष्य जुटाकर कानूनी कार्रवाई में जुट गई है।