Faridabad Accident: दिल्ली-मथुरा हाईवे पर भीषण सड़क हादसा, आपस में भिड़े 3 कंटेनर और कार, बाल-बाल बचे चालक
Jun 04, 2026 2:07 PM
फरीदाबाद। दिल्ली-मथुरा-आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर गुरुवार की सुबह एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। तड़के करीब साढ़े तीन बजे हाईवे पर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब दिल्ली से लोहे का कबाड़ खाली करके पलवल लौट रहा एक खाली ट्रक अचानक अनियंत्रित हो गया। ट्रक चालक श्यामवीर के मुताबिक, अचानक पहिया घूमने के कारण वह स्टीयरिंग पर नियंत्रण खो बैठा और गाड़ी हाईवे के बीचों-बीच पलट गई। इस अचानक हुए हादसे को देखकर हाईवे से गुजर रहे अन्य वाहन चालकों ने अपनी-अपनी गाड़ियों के ब्रेक लगाने शुरू कर दिए।
एक के बाद एक टकराईं गाड़ियां, लोहे की ग्रिल पर चढ़ा कंटेनर
ट्रक को पलटा देख दिल्ली से पार्सल लेकर पलवल की तरफ जा रहे एक कंटेनर चालक ने जैसे ही अपनी रफ्तार धीमी की, पीछे से काल बनकर आ रहे दूसरे तेज रफ्तार कंटेनर ने उसे जोरदार टक्कर मार दी। यह टक्कर इतनी भीषण थी कि आगे चल रहा कंटेनर अनियंत्रित होकर एक कार से जा भिड़ा और हाईवे के किनारे लगी लोहे की मजबूत ग्रिल को तोड़ता हुआ उसके ऊपर चढ़ गया। इसी दौरान पीछे से आ रही एक बोलेरो पिकअप भी मामूली रूप से इस हादसे की जद में आ गई।
बाल-बाल बचे कार सवार और चालक
दिल्ली रेलवे स्टेशन पर किसी परिचित को छोड़कर वापस पलवल लौट रहे कार चालक अरविंद रावत ने बताया कि उन्होंने आगे हादसा देखकर अपनी कार की स्पीड कम की थी। लेकिन पीछे से आ रहे बेकाबू कंटेनर ने उनकी कार को साइड से रगड़ते हुए टक्कर मार दी। अरविंद की कार इस हादसे में बुरी तरह पिचक गई है। राहत की बात यह रही कि इतनी भीषण भिड़ंत के बाद भी एयरबैग और किस्मत के सहारे कार सवार सुरक्षित बच गए। हादसे में शामिल किसी भी ट्रक ड्राइवर को गंभीर चोट नहीं आई है।
क्रेन से हटाए गए वाहन, एनएचएआई ने बहाल कराया ट्रैफिक
सड़क दुर्घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) की रूट पेट्रोलिंग टीम तुरंत मौके पर पहुँची। एनएचएआई के कर्मचारी महेश कुमार ने बताया कि तड़के अंधेरा होने और आगे अचानक ट्रक पलटने के कारण पीछे आ रहे वाहन चालकों का ध्यान भटक गया, जिससे यह चेन रिएक्शन हुआ। प्रशासन ने तुरंत दो बड़ी क्रेनों को मौके पर बुलाया और ग्रिल पर चढ़े कंटेनर व पलटे हुए ट्रक को बीच सड़क से हटाकर किनारे किया। करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद हाईवे पर यातायात को दोबारा पूरी तरह सामान्य किया जा सका।