"शिक्षा और तकनीक ही आज के समय के असली अस्त्र"- बाबैन में बोलीं उपाध्यक्ष सुमन सैनी
May 04, 2026 12:30 PM
बाबैन (जग मार्ग)। कुरुक्षेत्र के बाबैन में रविवार को भगवान परशुराम जन्मोत्सव का पर्व पूरी श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। ब्राह्मण समाज द्वारा आयोजित इस समारोह में राज्य बाल कल्याण परिषद की उपाध्यक्ष सुमन सैनी ने मुख्य अतिथि के तौर पर शिरकत की। अपने संबोधन में उन्होंने भगवान परशुराम के जीवन दर्शन की व्याख्या करते हुए उसे वर्तमान संदर्भों में प्रासंगिक बताया। सुमन सैनी ने कहा कि भगवान विष्णु के छठे अवतार परशुराम जी का जीवन केवल तपस्या तक सीमित नहीं था, बल्कि वह साहस और अधर्म के विरुद्ध महासंग्राम का प्रतीक था।
शक्ति का सदुपयोग ही सच्चा धर्म
सुमन सैनी ने समाज को प्रेरित करते हुए कहा, "परशुराम जी ने हमें सिखाया कि जब समाज में अन्याय और अत्याचार की सीमा पार हो जाए, तो तटस्थ रहना या चुप रहना भी एक अपराध है। उनके जीवन से हमें यह सीख मिलती है कि शक्ति का उपयोग हमेशा दीन-दुखियों की रक्षा और लोक कल्याण के लिए होना चाहिए।" उन्होंने आज के दौर में शिक्षा, ज्ञान और आधुनिक तकनीक को 'नया अस्त्र' बताते हुए युवाओं से अपील की कि वे इनका उपयोग समाज के सकारात्मक बदलाव के लिए करें।
खुल गया मदद का पिटारा
समारोह के दौरान ब्राह्मण समाज की सामाजिक गतिविधियों को मजबूती देने के लिए सुमन सैनी ने अपने स्वैच्छिक कोष से 11 लाख रुपये देने की घोषणा की। वहीं, भाजपा के वरिष्ठ नेता जयभगवान शर्मा डीडी ने भी समाज को 5 लाख रुपये देने का ऐलान किया।
मुख्यमंत्री तक पहुँचाई जाएगी समाज की आवाज
मंच से ब्राह्मण समाज के प्रबुद्ध जनों ने अपनी कुछ मांगें रखीं, जिस पर सुमन सैनी ने सकारात्मक रुख अपनाते हुए आश्वासन दिया कि वे जल्द ही मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से मुलाकात कर इन सभी मांगों को प्रमुखता से उठायेंगी। उन्होंने कहा कि सरकार हर वर्ग के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है और ब्राह्मण समाज की गरिमा व उनकी जरूरतों का पूरा ध्यान रखा जाएगा। इस मौके पर समाज के गणमान्य व्यक्तियों ने मुख्य अतिथि को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया।